इंदौर: मानपुर क्षेत्र के ग्राम खेड़ीसिहोद में दूध व्यापारी के साथ हुई करीब दो लाख की लूट का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि वारदात किसी बाहरी गैंग ने नहीं, बल्कि फरियादी के ड्राइवर और हेल्पर ने ही अपने साथियों के साथ मिलकर कराई थी. मामले में अब तक छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जिनमें दो लंबे समय से फरार आरोपी भी शामिल हैं.
थाना प्रभारी लोकेन्द्र सिंह ने बताया कि फरियादी कमल सिंह रघुवंशी ग्राम खेड़ीसिहोद में दूध डेयरी संचालित करता है. 19 नवंबर की रात वह अपने ड्राइवर आवेश खान और हेल्पर समीर शाह के साथ दूध विक्रय की राशि लेकर इंदौर से वापस लौट रहा था. रात करीब 8.30 बजे पच्चीसा खेत मोड़ के पास चार बदमाशों ने पिकअप वाहन रोककर चाकू की नोंक पर करीब दो लाख रुपए लूट लिए थे.
जांच के दौरान पुलिस को ड्राइवर और हेल्पर की भूमिका संदिग्ध लगी. सख्ती से पूछताछ में दोनों टूटे और कबूल किया कि उन्होंने अपने साथी विनय डावर, संजय चंदेल, भूरा उर्फ भरत चौहान और राजू उर्फ रामलाल भाभर के साथ मिलकर पूरी लूट की साजिश रची थी.पुलिस पहले ही चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनसे नकदी, चाकू, बाइक और वाहन की चाबी जब्त कर चुकी थी. घटना के बाद से फरार चल रहे भूरा उर्फ भरत और राजू उर्फ रामलाल जंगल पहाड़ी इलाके में झोपड़ी बनाकर छिपे थे. देर रात पुलिस ने भेष बदलकर दबिश दी और दोनों को पकड़ लिया. रिमांड के दौरान इनके पास से 30,240 रुपए नकद, एक चाकू और मोबाइल जब्त किया. सभी आरोपी आदतन अपराधी हैं.
