
दमोह। जिले में भी राष्ट्रव्यापी अभियान के तहत सोमवार को गौ सेवकों ने रैली निकालते हुए गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने की मांग करते हुए ज्ञापन सौंपा है.
दमोह के पुराना थाना से गौ सेवकों के द्वारा गौ सम्मान यात्रा की शुरुआत की गई.जहां शहर के प्रमुख मार्गो से होते हुए सैकड़ो गौ भक्त गाय और बछड़े को लेकर पैदल चलते हुए गौ माता के जयकारे लगाकर दमयंती नगर तहसील कार्यालय पहुंचे. दीपक नेमा वैष्णवी निस्वार्थ समिति अध्यक्ष के द्वारा सभी को शपथ दिला कर हस्ताक्षर फाइल तहसीलदार को सौंपी और हिंदू संगठन विक्रांत गुप्ता के द्वारा ज्ञापन का वाचन करते हुए तहसीलदार रॉबिन जैन को गौ भक्तों के द्वारा अपना ज्ञापन सौंपा गया. गौ सेवक नित्या प्यासी ने कहा कि हमारी आस्था का केंद्र गौ माता है.उनके अंदर सारे देवता निवास करते हैं.जिस प्रकार जानबूझकर गौ हत्या करवाई जा रही है और सरकार मौन है.उनके कान खोलने के लिए हमने यह सांकेतिक ज्ञापन दिया है. देश की 5000 तहसीलों में सोमवार को एक साथ यह ज्ञापन गौ माता को राष्ट्रमाता घोषित करने के लिए दिया जा रहा है.उन्होंने कहा कि जब हम सुबह सोकर उठते हैं तब तक एक लाख गौ माता की निर्मम तरीके से हत्या कर दी जाती है. गौ माता के साथ यह अत्याचार रोका जाए और उन्हें राष्ट्र माता घोषित किया जाए यही हमारी मांग है. विक्की गुप्ता, नगर पुरोहित चंद्र गोपाल पौराणिक, बांदकपुर मंदिर ट्रस्ट के अध्यक्ष रामकृपाल पाठक ने कहा कि गौ माता को राष्ट्र माता घोषित करने के लिए आज यह ज्ञापन प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति, राज्यपाल के नाम दिया जा रहा है. समस्त गौ भक्तों की मांग है कि गौ माता को राष्ट्र माता घोषित किया जाए.
जिला मुख्यालय के अलावा हटा
में गौसेवकों ने सैकड़ों की संख्या में एकत्रित होकर हटा तहसीलदार को ज्ञापन दिया है. गौ आव्हान के लिए अजब धाम से पधारे संत रामानुग्रह दास छोटे सरकार महाराज भी शामिल हुए.गाय माता को राष्ट्र माता का दर्जा और गौ हत्या पर प्रतिबंध लगाए जाने की मांग की गई.
