
हटा/ दमोह। जिले के हटा थाना क्षेत्र अंतर्गत बिजोरी पाठक गांव में दिव्यांग दूल्हे गोलू अहिरवार की रछवाई निकालने के दौरान उसके साथ मारपीट करने वाले चारों आरोपियों को पुलिस ने शुक्रवार दोपहर न्यायालय में पेश किया. जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है. चारों आरोपियों पर एसपी के द्वारा एनएसए की कार्रवाई भी प्रस्तावित की गई है.कलेक्टर के पास फाइल भेजी गई है, वहां से अनुमति मिलने के बाद आरोपियों पर यह धारा भी लगाई जाएगी.वहीं इस मामले में अजाक संघ के द्वारा भी आरोपियों पर कठोर कार्रवाई करने की मांग को लेकर ज्ञापन सोपा गया था.
आपको बता दें 21 अप्रैल की शाम गोलू अहिरवार की रछवाई घोड़े पर निकाली जा रही थी. जब वह परिजनों के साथ लोधी मोहल्ले में दिवाली के सामने से होकर गुजर रहा था. इसी दौरान आरोपियों के द्वारा रछवाई न निकालने और घोड़े से उतरने के लिए कहा. जब दूल्हे ने ऐसा करने से मना कर दिया तो आरोपियों ने उसके साथ मारपीट कर दी उसकी बहन को भी मारा था.इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर प्रसारित हुआ था.घायल दूल्हे ने हटा थाने पहुंचकर घटना की शिकायत दर्ज कराई घटना के बाद आरोपी फरार हो गए थे.पुलिस ने एससी-एसटी एक्ट व बीएनएस की अन्य धाराओं में आरोपियों पर मामला दर्ज किया था.चारों आरोपियों को गुरुवार को अभिरक्षा में लिया गया. एसपी श्रुतकीर्ति सोमवंशी ने एक पत्रकार वार्ता कर जानकारी दी थी कि भविष्य में इस प्रकार की कोई घटना घटित ना हो इसलिए अब आरोपियों पर एनएसए की कार्रवाई भी प्रस्तावित की गई है.जिसके लिए कलेक्टर के पास फाइल भेजी गई है.हटा थाना प्रभारी सुधीर बेगी ने मामले में प्रेस वार्ता आयोजित कर बताया की चारों आरोपियों पर 126 (2) 296 (बी) 115 (2)351 (2),3(5)बीएनएस,3 (1) द,ध 3(2) 5 क एससीएसटी एक्ट धारा 3 (1) ई,3(1)(za)बी एससीएसटी एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है.आरोपी ग़ुप्पू उर्फ गोपाल पिता हुकुम सिंह 32, बिच्छू उर्फ विश्वनाथ पिता हुकुम सिंह 38, चिन्नू उर्फ जगदीश पिता कमोदी सिंह 32, पलटू उर्फ लक्ष्मण पिता मूरत सिंह 19 सभी निवासी बिजोरी पाठक को गिरफ्तार कर लिया है. शुक्रवार दोपहर उन्हें न्यायालय में पेश किया गया है. आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दो टीम बनाई गई थी.जिसमें गैसाबाद थाना प्रभारी सौरभ शर्मा के अलावा हटा थाना उपनिरीक्षक नरेंद्र तिवारी, एएसआई अरविंद राय, प्रधान आरक्षक महेंद्र बाबू,राम सिंह ठाकुट गैसाबाद सहित पुलिस की टीम शामिल थी. साइबर सेल की मदद से चारों आरोपी गिरफ्तार हुए हैं.जिन्हें एससी एसटी एक्ट विशेष न्यायालय में पेश किया गया है. जहा से उन्हें जेल भेज दिया गया है.
