
भोपाल। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने मंगलवार को गेहूं खरीदी में हो रही देरी, न्यायिक मामलों और राजनीतिक घटनाक्रम को लेकर भारतीय जनता पार्टी सरकार पर आरोप लगाया कि सरकार किसानों की अनदेखी कर रही है और लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर कर रही है।
गेहूं खरीदी को लेकर चिंता जताते हुए उन्होंने कहा कि तिथियों में लगातार बदलाव किया गया है पहले मार्च, फिर 1 अप्रैल, 10 अप्रैल और अब 9 अप्रैल घोषित की गई है। इस बीच असमय बारिश से फसल को नुकसान हो रहा है, जिससे किसान परेशान हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस लगातार किसानों की आवाज उठा रही है और इस संबंध में मुख्यमंत्री को कई बार पत्र भी लिखे गए हैं।
सिंघार ने भारतीय जनता पार्टी से जुड़े किसान संगठनों और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए पूछा कि वे अपनी ही सरकार पर दबाव क्यों नहीं बना रहे हैं।
दतिया मामले को लेकर उन्होंने संवैधानिक संस्थाओं पर दबाव बढ़ने का आरोप लगाया, हालांकि न्याय मिलने की उम्मीद जताई। उन्होंने राज्यसभा चुनाव में संभावित खरीद-फरोख्त की आशंका भी व्यक्त की, साथ ही कांग्रेस की एकजुटता पर भरोसा जताया। उन्होंने मल्लिकार्जुन खड़गे के आरएसएस संबंधी बयान का समर्थन किया।
