छतरपुर: प्रसिद्ध धार्मिक स्थल जानराय टोरिया में 51 फीट ऊंची अष्टधातु से निर्मित भगवान हनुमान की प्रतिमा की भव्य प्राण-प्रतिष्ठा संपन्न हुई। इस अवसर पर देर रात धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री (बागेश्वर महाराज) भी शामिल हुए और विशाल जनसमूह को संबोधित किया।महाराज ने अपने उद्बोधन में कहा कि इतनी विशाल प्रतिमा की स्थापना केवल छतरपुर ही नहीं, बल्कि पूरे सनातन धर्म के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील करते हुए कहा कि केवल मंदिरों में आना या कथा सुनना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि जीवन में उसके मूल्यों को अपनाना ही सच्ची भक्ति है।
अपने प्रवचन में उन्होंने स्पष्ट कहा कि भगवान तक पहुंचने का मार्ग व्यक्ति के आचरण से होकर जाता है। कथा को केवल सुनने तक सीमित न रखें, बल्कि उसे अपने व्यवहार और जीवन में उतारने का प्रयास करें।समारोह के दौरान धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने यह भी संकेत दिए कि वे जल्द ही एकांतवास में जाने वाले हैं। उनके इस संदेश ने कार्यक्रम में मौजूद श्रद्धालुओं को भावुक कर दिया।कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे और पूरे क्षेत्र में भक्ति व आस्था का माहौल बना रहा।
