नई दिल्ली | संसद के बजट सत्र के दूसरे चरण के दूसरे दिन आज लोकसभा में भारी शोर-शराबा देखने को मिला। कांग्रेस सहित विपक्ष के 118 सांसदों ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश करने का नोटिस दिया है। विपक्ष का आरोप है कि सदन के नेता राहुल गांधी को बोलने से रोककर स्पीकर ने “पक्षपातपूर्ण” रवैया अपनाया है। सुबह सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सांसद वेल में आकर नारेबाजी करने लगे, जिसके कारण सदन को दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित करना पड़ा। सरकारी पक्ष ने इन आरोपों को निराधार बताया है और संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू इस प्रस्ताव पर चर्चा की शुरुआत कर सकते हैं।
हंगामे के बीच केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज दोनों सदनों में वर्ष 2025-26 के लिए ‘अनुपूरक अनुदान मांगों’ का दूसरा बैच पेश करेंगी। इसके अलावा, लोकसभा में मत्स्य पालन और पशुपालन मंत्रालय से संबंधित स्टैंडिंग कमेटी की महत्वपूर्ण रिपोर्ट भी पटल पर रखी जानी है। राज्यसभा में पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के साथ-साथ ग्रामीण विकास मंत्रालय के कामकाज पर चर्चा प्रस्तावित है। हालांकि, विपक्षी दल ईरान युद्ध और पश्चिम एशिया के संकट पर अलग से विस्तृत चर्चा की मांग पर अड़े हुए हैं, जिससे सदन के सुचारू संचालन में बाधा आ रही है।
अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान भाजपा की ओर से अनुराग ठाकुर, निशिकांत दुबे और रविशंकर प्रसाद मोर्चा संभालेंगे, जबकि कांग्रेस की ओर से गौरव गोगोई और मनीष तिवारी अपनी दलीलें पेश करेंगे। गौरतलब है कि बजट सत्र का यह दूसरा हिस्सा 2 अप्रैल तक चलेगा। विपक्ष का कहना है कि जब तक उनकी लोकतांत्रिक आवाज को दबाया जाएगा, वे सदन की कार्यवाही नहीं चलने देंगे। दूसरी तरफ, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं पश्चिम एशिया के घटनाक्रमों पर नजर बनाए हुए हैं और विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने स्पष्ट किया है कि भारतीयों की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

