नयी दिल्ली, 26 फरवरी (वार्ता) दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने गुरुवार को कहा कि अंगदान केवल एक चिकित्सीय प्रक्रिया नहीं है, बल्कि किसी को नया जीवन देने का सबसे बड़ा उपहार है।
श्रीमती गुप्ता आज यहां ‘वरदान’ फिल्म फेस्टिवल में शामिल हुईं। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि अंगदान केवल एक चिकित्सीय प्रक्रिया नहीं है, बल्कि किसी को नया जीवन देने का सबसे बड़ा उपहार है। एक व्यक्ति का लिया गया संकल्प अनेक परिवारों के जीवन में आशा की नई किरण ला सकता है।
उन्होंने कहा कि अंगदान और देहदान जैसे संवेदनशील विषय पर कला और सिनेमा के माध्यम से समाज को जागरूक करना अत्यंत प्रेरणादायक और सराहनीय प्रयास है। ऐसे आयोजन समाज में नई सोच का संचार करते हैं और मानवता के प्रति सेवा एवं समर्पण की भावना को मजबूत करते हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा अंगदान को जनआंदोलन बनाने का आह्वान देश के लिए मार्गदर्शक है और इससे प्रेरणा लेकर अधिक से अधिक लोगों को इस कार्य से जुड़ना चाहिए।
उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय स्तर पर अंगदान के लिए नेशनल ऑर्गन ऐंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गनाइजेशन कार्य कर रहा है लेकिन दिल्ली में पहले इस तरह की कोई सुव्यवस्थित और आधिकारिक व्यवस्था उपलब्ध नहीं थी। इस आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए दिल्ली सरकार ने स्टेट ऑर्गन ऐंड टिश्यू ट्रांसप्लांट ऑर्गनाइजेशन का गठन किया जो अंगदान के इच्छुक लोगों के लिए सशक्त मंच के रूप में उभरा है। उन्होंने बताया कि सितंबर से अब तक 800 से अधिक लोग इस प्लेटफॉर्म पर रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं लेकिन अब भी इस क्षेत्र में व्यापक जन-जागरूकता की आवश्यकता है।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में उपस्थित लोगों से आह्वान किया कि वे स्वयं जागरूक बनें और समाज में भी जागरूकता फैलाएं ताकि अधिक से अधिक लोग इस सेवा कार्य का हिस्सा बन सकें। उन्होंने कहा कि अंगदान मानवता की सर्वोच्च सेवा है और यह जीवन के बाद भी जीवन देने का सबसे पवित्र माध्यम है। मुख्यमंत्री ने दधीचि देहदान समिति द्वारा वर्षों से किए जा रहे जन-जागरूकता के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि संस्था के स्वयंसेवकों का समर्पण समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। कला और फिल्मों के माध्यम से इस विषय को जन-जन तक पहुंचाने का यह प्रयास निश्चित रूप से अंगदान को जनआंदोलन बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
