नयी दिल्ली, 13 फरवरी (वार्ता) भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) ने वर्ष 2025 में नियमों के उल्लंघन के लिए सात लाख से अधिक अवैध टेलीमार्केटर को नोटिस जारी किये।
प्राधिकरण द्वारा शुक्रवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है कि कुल 7,31,120 टेलीमार्केटर को नोटिस जारी करने के अलावा, 4,73,075 संस्थाओं पर एक महीने के लिए संचार प्रतिबंध लगाये गये जबकि बार-बार नियमों का उल्लंघन करने वाले 89,936 संस्थानों पर छह महीने के लिए संचार प्रतिबंध लगाये गये।
ट्राई ने बताया कि लगातार नियमों का पालन न करने के कारण पिछले वर्ष के दौरान 1,84,482 दूरसंचार संसाधनों का कनेक्शन काट दिया गया। कुल मिलाकर अगस्त 2024 से अब तक 21.05 लाख से अधिक दूरसंचार संसाधनों का कनेक्शन काटा जा चुका है। यह लगातार स्पैम नेटवर्क पर अंकुश लगाने और दूरसंचार प्रणाली में अनुपालन को मजबूत करने के लिए किए जा रहे गहन प्रयासों को दर्शाता है।
जानकारी के मुताबिक, पिछले साल सभी चैनलों के माध्यम से कुल 31.09 लाख शिकायतें दर्ज की गईं। इनमें से 17.06 लाख शिकायतें (आधे से अधिक) डीएनडी आवेदन के माध्यम से जमा की गयीं, जो अवांछित संचार के खिलाफ उपभोक्ताओं की बढ़ती भागीदारी को रेखांकित करती हैं।
विज्ञप्ति में बताया गया है कि पंजीकृत टेलीमार्केटर के खिलाफ शिकायतों की तुलना में अपंजीकृत टेलीमार्केटर के खिलाफ शिकायतों की संख्या कहीं अधिक रही। एक तरफ ट्राई पंजीकृत संस्थाओं के माध्यम से वैध, सहमति-आधारित वाणिज्यिक संचार को सक्षम बना रहा है, और दूसरी तरफ अपंजीकृत संस्थाओं से अवांछित संचार को रोकने के लिए नियामकीय, तकनीकी और प्रवर्तन उपायों को लागू कर रहा है।
पिछले साल डीएनडी (डू नॉट डिस्टर्ब) इकोसिस्टम के उपयोग में भी उल्लेखनीय वृद्धि देखी गयी। एक साल में डीएनडी ऐप का इंस्टॉलेशन 84.43 प्रतिशत बढ़कर 28.08 लाख हो गया।
