भोपाल: राजधानी भोपाल में एक किन्नर युवती ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि बचपन से वह सुरैया हाजी उर्फ रसीद के संपर्क में रही और उन्हीं के कहे अनुसार जीवन व्यतीत करती रही। पीड़िता के अनुसार जैसे-जैसे वह बड़ी हुई और अपने परिजनों से मिलना-जुलना तथा घर के पूजा-पाठ और धार्मिक आयोजनों में शामिल होना शुरू किया, तब से सुरैया हाजी को आपत्ति होने लगी। आरोप है कि उस पर परिवार से संपर्क न रखने और एक विशेष धर्म के अनुसार जीवन जीने के लिए लगातार दबाव बनाया गया।
पीड़िता का कहना है कि विरोध करने पर उसे मानसिक व शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया गया। उसने आरोप लगाया कि एक बार उसे घर की चौथी मंजिल पर बने लोहे के पिंजरे में बंद कर मारपीट की गई तथा गर्म सलाखों से दागा गया, जिसके निशान आज भी उसके शरीर पर मौजूद हैं।पीड़िता ने यह भी बताया कि एक अवसर पर वह अपने दो किन्नर साथियों के साथ मंदिर गई थी, जिसकी जानकारी मिलने पर तीनों के साथ मारपीट की गई और उनके बाल काट दिए गए। मामले को लेकर पीड़िता ने प्रदर्शन कर पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है।
