
इंदौर। आज राजबाड़ा पर भागीरथपुरा में दूषित पानी के शिकार पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए कांग्रेस ने धरना दिया। धरने में प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि सरकार ने पीड़ितो के साथ न्याय नहीं किया तो जनता से सहयोग लेकर इंदौर बंद किया जाएगा।
इंदौर शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष चिंटू चौकसे और जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष विपिन वानखेड़े ने बताया कि भागीरथपुरा के हादसे में जान गंवाने वाले परिवार जनों को न्याय दिलाने के लिए कांग्रेस ने धरना दिया है। धरने में पीड़ितो को एक करोड रुपए की सहायता राशि ,परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने, घटना के जिम्मेदार मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और महापौर पुष्यमित्र भार्गव से इस्तीफा एवं दोषी अधिकारियों पर गैर इरादतन हत्या का प्रकरण दर्ज की मांग की गई। बड़ी संख्या में भागीरथपुरा के लोग भी पहुंचे थे।
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी सचिव उषा नायडू ने कहा कि अब हम जब इंदौर आते हैं तो हमसे पूछा जाता है कि पानी कहां पिओगे , कैसे पीओगे ? ध्यान रखना। उक्त सवालों के कारण अब इंदौर में पानी पीने में भी डर लगता है।
प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि जीवन देने वाले पानी में जहर दे दिया गया। इस क्षेत्र के 32 परिवारों ने अपने एक सदस्य को खोया है। हमें उन परिवारों की वेदना को समझना होगा। यह सिर्फ एक दुर्घटना नहीं थी। यह घटना भ्रष्टाचार की पराकाष्ठा का प्रतीक है। क्या जनता की जिंदगी इतनी सस्ती हो गई कि मात्र ₹2 लाख देकर अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन कर लिया गया। जब सत्ता लंबी हो जाती है तो जनता की आवाज नहीं आती है। समय आने पर इंदौर की जनता सवाल भी पूछे कि और जवाब भी देगी।
भागीरथपुरा के हर परिवार की यह वेदना
प्रदेश के पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने कहा कि इस घटना के लिए विजयवर्गीय सीधे तौर पर जिम्मेदार है। उन्हें इस्तीफा दे देना चाहिए। यह अत्यंत चिंताजनक है कि इस घटना के बाद दो बार मुख्यमंत्री खुद इंदौर आ चुके हैं , लेकिन वह पीड़ितों से मिलने के लिए नहीं गए।
धरने में मुख्य रूप से शहर संगठन प्रभारी दीपू यादव, लियाकत शाह, पंडित कृपा शंकर शुक्ला, शहर महिला कांग्रेस अध्यक्ष सोनिला मिमरोट भाटिया, राजेश चौकसे, प्रमोद द्विवेदी, हर्ष जैन, गिरधर नागर, विनय बाकलीवाल, अमन बजाज, अमित चौरसिया, प्रेम खड़ायता , नकुल पाटोदी
सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और महिलाएं उपस्थित थी। संचालन संजय बाकलीवाल ने किया और आभार विपिन वानखेड़े ने माना।
धरने में पीड़ितों ने भी कही अपनी व्यथा
दूषित पानी से अपने मासूम बेटे को खोने वाली पीड़ित मां ने कहा कि जीवन अनमोल होता है उसका कोई मूल्य नहीं होता है। मन्नतों के बाद हमें बेटा हुआ था। इस घटना ने वह बेटा हमसे छीन लिया। अपने पिता की मौत होने पर पीड़ित एक बेटी ने कहा कि मेरे पिता उल्टी दस्त के कारण अरविंद अस्पताल में भर्ती हुए थे। वहां उनकी मौत हो गई। हमने लाश को सड़क पर रखकर चक्का जाम नहीं किया ,इसलिए हमें 2 लाख की सहायता नहीं दी गई।
पानी की जांच कराएगी कांग्रेस
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने शहर कांग्रेस अध्यक्ष चिंटू चौकसे को जिम्मेदारी दी है कि अब दो गाड़ी निकाल कर हर दिन हर वार्ड में पानी की जांच करो और जांच की रिपोर्ट को सार्वजनिक करों। इससे जनता को यह मालूम पड़ सके कि जो पानी उन्हें दिया जा रहा है वह कितना शुद्ध है। धरने में शुद्ध जल परीक्षण रथ का शुभारंभ किया गया ।
