भोपाल: मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने केंद्र सरकार पर राज्य के साथ भेदभाव करने का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि भाजपा की डबल इंजन सरकार में मध्यप्रदेश डबल मुसीबत में फंस गया है। एक ओर प्रदेश पर कर्ज का बोझ बढ़ रहा है, तो दूसरी ओर केंद्र सरकार राज्य को उसके हक का पैसा नहीं दे रही है।कमलनाथ के मुताबिक 1 अप्रैल से 20 जनवरी के बीच केंद्र सरकार ने मध्यप्रदेश के 25 विभागों को एक रुपया तक जारी नहीं किया। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान के ही विभाग किसान कल्याण, कृषि विकास और ग्रामीण विकास से 7,774.54 करोड़ रुपए अब तक नहीं मिल सके हैं।
उन्होंने कहा कि चालू वित्त वर्ष में मध्यप्रदेश को केंद्र से 44,355.83 करोड़ रुपए मिलने थे, लेकिन 10 माह बीत जाने के बाद भी सिर्फ 9,753.05 करोड़ रुपए यानी महज 22 प्रतिशत राशि ही मिली है। जल जीवन मिशन के तहत पीएचई विभाग को 8,561.22 करोड़ रुपए मिलने थे, लेकिन एक रुपया भी जारी नहीं हुआ। इसी तरह मेडिकल कॉलेजों में पीजी पाठ्यक्रम और नए मेडिकल कॉलेजों के लिए घोषित 400 करोड़ रुपए भी नहीं मिले।कमलनाथ ने चेतावनी दी कि यदि यही स्थिति रही तो पहले से वित्तीय संकट से जूझ रहा मध्यप्रदेश भारी आर्थिक संकट में फंस सकता है और उन्होंने केंद्र से तत्काल आवंटित राशि जारी करने की मांग की है।
