जबलपुर: मप्र हाईकोर्ट ने एक अवमानना मामले में अभियोजन संचालनालय व अन्य से पूछा है कि पूर्व आदेश का पालन क्यों नहीं किया गया। जस्टिस डीडी बंसल की एकलपीठ ने गृह विभाग के प्रमुख सचिव संजय दुबे और अभियोजन संचालनालय के डायरेक्टर बीएल प्रजापति को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।भोपाल निवासी सेवानिवृत्त वरिष्ठ अभियोजन अधिकारी की ओर से अधिवक्ता केके पांडे, कौशलेश पांडे व सिद्धार्थ पांडे ने पक्ष रखा।
उन्होंने बताया कि याचिकाकर्ता की नियुक्ति 15 मार्च 1990 को सहायक लोक अभियोजक के पद पर हुई थी और वे 30 जुलाई 2022 को उप संचालक अभियोजन के पद से सेवानिवृत्त हुए। सेवानिवृत्ति के बाद अब तक न तो लगभग 20 लाख रुपये की ग्रेच्युटी राशि और न ही पेंशन का भुगतान किया गया। हाईकोर्ट ने 14 अगस्त 2025 को स्पष्ट आदेश पारित करते हुए 60 से 90 दिनों के भीतर पेंशन ग्रेच्युटी एवं संशोधित भुगतान करने के निर्देश दिए थे।
