पीयूष मिश्रा ने थिएटर और लेखन से बॉलीवुड तक अपनी अलग पहचान बनाई। एनएसडी के दौरान राजकुमार बड़जात्या के बुलावे पर न जाना आज भी उन्हें अफसोस देता है।
बॉलीवुड के बेबाक कलाकार, गीतकार और लेखक पीयूष मिश्रा आज किसी पहचान के मोहताज नहीं हैं। अपनी अलग आवाज़, तीखे संवाद और दमदार अभिनय से उन्होंने इंडस्ट्री में एक खास मुकाम बनाया है। 13 फरवरी 1963 को जन्मे पीयूष मिश्रा आज 61 साल के हो चुके हैं। उनके जन्मदिन के मौके पर उनके जीवन से जुड़ा एक ऐसा किस्सा सामने आता है, जिसे याद कर आज भी उन्हें पछतावा होता है।
पीयूष मिश्रा का जन्म मध्य प्रदेश के ग्वालियर में हुआ था। उनके पिता प्रताप कुमार शर्मा सरकारी कर्मचारी थे। पारिवारिक परिस्थितियों के चलते पीयूष को उनकी बुआ तारा देवी ने गोद ले लिया था। बचपन से ही पीयूष का झुकाव साहित्य, कविता और रंगमंच की ओर था, लेकिन ग्वालियर की सीमाओं में खुद को बंधा महसूस करने के कारण उन्होंने शहर छोड़ने का फैसला किया।
