जबलपुर: मध्यप्रदेश की सांस्कृतिक राजधानी जबलपुर में नगर निगम की पहल से गीता भवन वैचारिक अध्ययन केंद्र तैयार हो गया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जल्द ही इसका भव्य उद्घाटन करेंगे। यह केंद्र केवल भवन नहीं, बल्कि आधुनिक अध्ययन और प्राचीन ज्ञान का संगम है, जहां धार्मिक, आध्यात्मिक और साहित्यिक चेतना के माध्यम से सामाजिक समरसता को बढ़ावा मिलेगा। गीता भवन युवा पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने का अवसर देगा और जबलपुर को ज्ञान, संस्कृति और वैचारिक चेतना का केंद्र बनाएगा।
अध्ययन और पुस्तकालय की सुविधाएँ
गीता भवन में 30 बच्चों के लिए सर्वसुविधायुक्त वाचनालय और 25 कंप्यूटर के साथ ई-लायब्रेरी उपलब्ध है। यहां 5000 से अधिक पुस्तकें हिंदी, अंग्रेजी और संस्कृत में धार्मिक, साहित्यिक, प्रेरक, वैज्ञानिक और प्रतियोगी परीक्षा से संबंधित विषयों पर उपलब्ध हैं।
सभागार और विचार मंथन कक्ष
केंद्र में 900 व्यक्तियों की क्षमता वाला वातानुकूलित ऑडिटोरियम है, जिसमें बड़े सम्मेलन और संवाद आयोजित किए जा सकते हैं। साथ ही विचार मंथन कक्ष और ऑनलाइन विद्वानों के साथ संवाद की सुविधा भी है।
विशेष कक्ष और सुविधाएँ
रामायण कक्ष, गीता कक्ष, सर्वधर्म पुस्तक कक्ष, रजिस्ट्रेशन कक्ष और हेल्प डेस्क जैसी सुविधाएँ भी मौजूद हैं। इसके अलावा कैफेटेरिया, सीसीटीवी, पेयजल और लिफ्ट जैसी आधुनिक सुविधाएँ भी प्रदान की गई हैं।
