जबलपुर: राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम अंतर्गत मुख्यमंत्री बाल हृदय उपचार योजना के तहत 3 वर्ष 3 माह की बालिका गौरांगी सिंह कुशवाहा को नि:शुल्क हृदय शल्य चिकित्सा कराकर नया जीवन प्रदान किया गया है। इस सराहनीय कार्य में राघवेन्द्र सिंह, कलेक्टर जबलपुर के मार्गदर्शन एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जबलपुर के निर्देशन में जिला प्रारंभिक हस्तक्षेप प्रबंधक सुभाष शुक्ला की महत्वपूर्ण, त्वरित और समन्वयकारी भूमिका रही।
जानकारी के अनुसार 3 वर्षीय बच्ची का विगत 27 दिसंबर को नारायण हृदयालय, मुंबई (महाराष्ट्र) में सफल नि:शुल्क हृदय सर्जरी पूरी की गई थी। बच्ची को नया जीवन मिलने के बाद उसके परिजनों ने कलेक्टर, सीएमएचओ के प्रति आभार व्यक्त किया है।जानकारी के अनुसार वार्ड क्रमांक 70 लाला लाजपत राय, मानेगांव, रांझी क्षेत्र में स्वास्थ्य परीक्षण के दौरान राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम टीम द्वारा बालिका में जन्मजात हृदय रोग की पहचान की गई थी।
जानकारी मिलते ही डीईआईएम सुभाष शुक्ला ने प्रकरण को प्राथमिकता पर लेते हुए जिला अस्पताल के विषय विशेषज्ञ से जाँच कराई तथा सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक एवं सीएमएचओ को तत्काल अवगत कराते हुए अनुशंसा प्रस्तुत की। फिर कलेक्टर राघवेन्द्र सिंह के मार्गदर्शन एवं सीएमएचओके स्पष्ट निर्देशों के अनुरूप, जिला नोडल अधिकारी आरबीएसके डॉ. अमजद खान के साथ समन्वय कर डीईआईएम सुभाष शुक्ला द्वारा सभी औपचारिकताएँ शीघ्र पूर्ण कराई गईं। बाद में परिजनों की सहमति के बाद बालिका का रजिस्ट्रेशन कराकर उसे नारायण हृदयालय रेफर कराया गया था।
