
झाबुआ। मध्य प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत आज झाबुआ जिले में एक दिवसीय जिला स्तरीय समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में उपायुक्त प्रशासन श्रीमती सुधा भार्गव उपस्थित रहीं। बैठक का शुभारंभ एनआरएलएम की स्व-सहायता समूह की दीदियों द्वारा आत्मीय स्वागत के साथ किया गया।
बैठक का मुख्य उद्देश्य मिशन के सभी वर्टिकल्स की प्रगति का आकलन करना था। जिला परियोजना प्रबंधक सोनिया कटारा की उपस्थिति में आयोजित इस सत्र में जिले के सभी जिला प्रबंधक, ब्लॉक प्रबंधक, सहायक ब्लॉक प्रबंधक, संकुल स्तरीय संगठन पदाधिकारी और सीआरपी सहित समस्त स्टाफ ने शिरकत की।
बैठक के दौरान उपायुक्त प्रशासन ने मिशन के लक्ष्यों की प्राप्ति पर विस्तार से चर्चा की और फील्ड स्टाफ को बहुमूल्य फीडबैक दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि केवल लक्ष्य पूरा करना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि ग्रामीण परिवारों की आजीविका गतिविधियों में गुणवत्ता लाना और उनका सतत सशक्तिकरण करना हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए।
प्रस्तुतीकरण के दौरान सभी ब्लॉक और वर्टिकल प्रभारियों ने पावरपॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से अपनी प्रगति रिपोर्ट साझा की। उपायुक्त प्रशासन ने फील्ड स्तर पर आ रही चुनौतियों को सुना और उनके निराकरण हेतु उचित दिशा-निर्देश दिए। उपायुक्त प्रशासन ने दीदियों के द्वारा बनाए गए वस्तुओं को जिले एवं राज्य स्तर पर मार्केट लिंकेज एवं प्रचार–प्रसार के ऊपर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर कार्य कर रहे स्टाफ और सीएलएफ पदाधिकारियों का समन्वय ही जिले एवं मिशन को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा। मीटिंग के दौरान उपस्थित समूह सदस्यों द्वारा अपनी सफलता की कहानी को उपायुक्त प्रशासन के समक्ष साझा की गई जिसकी उपायुक्त प्रशासन द्वारा सराहना की गई। साथ हीं उपायुक्त प्रशासन के द्वारा गणपति सामुदायिक प्रशिक्षण केंद्र झाबुआ में अवलोकन किया गया एवं मार्गदर्शन प्रदाय किया गया।
