नई दिल्ली, 11 दिसंबर, 2025: भारत सरकार ने बंगाल की खाड़ी में एक संभावित मिसाइल परीक्षण के लिए नोटिस टू एयरमेन (NOTAM) जारी किया है, जिसके तहत हवाई जहाजों और समुद्री यातायात के लिए अस्थाई प्रतिबंध लगाए गए हैं। यह नो-फ्लाई जोन अब 2520 किलोमीटर तक फैला हुआ है, जो पहले के खतरे के क्षेत्र से दोगुना है। यह क्षेत्र विशाखापत्तनम तट के पास स्थित है, और यह विस्तार मिसाइल की उन्नत रेंज और सटीकता को दर्शाता है।
यह परीक्षण 17 से 20 दिसंबर 2025 के बीच आयोजित होगा। माना जा रहा है कि इस परीक्षण में K-4 सबमरीन लॉन्च्ड बैलिस्टिक मिसाइल (SLBM) का परीक्षण हो सकता है। K-4 भारत की दूसरी पीढ़ी की परमाणु-सक्षम मिसाइल है, जिसकी रेंज 3500 किमी तक है और यह MIRV तकनीक (मल्टीपल इंडिपेंडेंटली टारगेटेबल री-एंट्री व्हीकल) से लैस हो सकती है।
यह परीक्षण भारत की रणनीतिक रक्षा क्षमताओं को मजबूत करने का एक हिस्सा है। K-4 SLBM भारत को ‘नो फर्स्ट यूज’ नीति के तहत सेकंड स्ट्राइक करने की क्षमता प्रदान करेगा। चीन के अनुसंधान जहाजों की हिंद महासागर में बढ़ती गतिविधियों के संदर्भ में यह परीक्षण क्षेत्रीय संतुलन बनाए रखने और रक्षा तैयारियों को सुदृढ़ करने का भारत का कड़ा संदेश भी है।

