रीवा: उत्तर भारत से आ रही ठंड हवाएं लगातार विंध्य में ठंड को बढ़ा रही है. मंगलवार एवं बुधवार की रात सबसे ठंड रात रही. प्रदेश का सबसे ठंड दूसरा जिला रीवा रहा. उमरिया में जहा न्यूनतम तापमान 4.9 रहा, वही रीवा में 5.8 दर्ज किया गया. दूसरी बार इस सीजन की सबसे ठंड रात रही. इसके साथ ही दिन के अधिकतम तापमान में भी 1 डिग्री की गिरावट आई है.जिले भर में पड़ रही कड़ाके की ठंड के चलते जन जीवन प्रभावित है.
अच्छी बात यह है कि अभी कोहरा नही पड़ रहा है, शाम के बाद धुंध छा जाती है. लेकिन सुबह कोहरे की चादर नही रहती, जिसके चलते आवागमन में कोई दिक्कत नही है. मौसम विभाग की माने तो आने वाले अगले सप्ताह में उत्तर भारत में बर्फबारी तेज होगी, साथ ही रीवा एवं आसपास के जिलो में गलन भरी ठंड पडऩे के साथ कोहरे की चादर भी बिछेगी. विंध्य में लगातार ठंड तेज हो रही है दिन में भले ही तेज धूप रहती है बावजूद इसके गलन भरी ठंड बनी रहती है.
बुधवार को दिन भर अच्छी खासी धूप रही, साथ ही ठंड भी रही. उत्तर भारत में उच्च दाब बनता है और जो हवाएं होती है वह उच्चदाब से निम्नदाब की ओर प्रवाहित होती है. इस वजह से उत्तर भारत से ठंडी हवाएं प्रदेश की ओर बह रही है. लिहाजा कड़ाके की ठंड और शीत लहर चल रही है. मौसम विभाग की माने तो एक नया कमजोर पश्चिमी विछोभ के 13 दिसम्बर से पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र को प्रभावित करने की संभावना है. अचानक ठंड एक बार फिर से बढ़ गई है, दिन भर ठंड हवाएं चलती रही.
दिन के अधिकतम तापमान में भी एक डिग्री की गिरावट आई. सामान्य से दो डिग्री अधिकतम तापमान कम रहा, 25.4 डिग्री दर्ज किया गया. ठंड को देखते हुए नगर निगम द्वारा बस स्टैण्ड सहित 16 स्थानो पर अलाव की व्यवस्था की गई है. जहा लोग ठंड से राहत पा रहे है. इसके साथ ही दो आश्रय स्थल एवं संजय गांधी अस्पताल के बाहर भी अलाव की व्यवस्था की गई है ताकि लोग ठंड से बच सके. इस बार नवम्बर के महीने से ही ठंड शुरू हो गई थी. असल ठंड दिसम्बर और जनवरी में पड़ती है. धीरे-धीरे हाड़ कपाने वाली ठंड अपना असर दिखाने लगी है.
चार दिन बाद फिर लुढक़ा तापमान
पिछले चार दिन से तापमान में गिरावट और उछाल आ रही है. 6 दिसम्बर को न्यूनतम तापमान लुढक़ कर 5.4 डिग्री पहुंच गया था और अधिकतम तापमान भी सामान्य से तीन डिग्री नीचे 25 डिग्री पहुंच गया था. जबकि दूसरे दिन तापमान उछल कर 6.8 पहुंचा और फिर 7.5 पर टिका और उसके बाद तीसरे दिन भी तापमान स्थिर रहा और चौथे दिन फिर से न्यूनतम तापमान 5.8 डिग्री पहुंच गया. लगातार तापमान में उतार-चढ़ाव के चलते सेहत पर गलत असर पड़ रहा है और सर्दी, जुखाम के साथ बुखार के मरीज बढऩे लगे है. दो दिन तापमान नीचे रहता है और फिर ऊपर आ जाता है. अभी तापमान में और गिरावट की संभावना है. मध्य दिसम्बर तक 4 डिग्री तापमान पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है. हाड़ कपाने वाली ठंड 20 दिसम्बर से 20 जनवरी के बीच पड़ेगी, ऐसी संभावना जताई जा रही है. खेती के लिहाज से यह ठंड बेहद लाभ दायक है.
