जम्मू, (वार्ता) जम्मू कश्मीर में रियासी जिले के कटरा शहर में त्रिकुटा पहाड़ियों में स्थित विश्वप्रसिद्ध श्री माता वैष्णो देवी की पवित्र गुफा मंदिर में इस साल नवंबर तक 64 लाख से ज़्यादा तीर्थयात्रियों ने दर्शन किए।
गत अप्रैल महीने में पहलगाम आतंकी हमले और मई में ऑपरेशन सिंदूर के कारण गुफा मंदिर में आने वाले लोगों की संख्या में कमी आयी, जिसके बाद भारी बारिश और भूस्खलन के कारण यात्रा रोक दी गयी। भूस्खलन से 34 लोगो अपनी जान गंवा बैठे।
आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि जनवरी महीने में 5,69,164 तीर्थयात्रियों ने गुफा मंदिर के दर्शन किए। इसके बाद फरवरी में 3,78,865, मार्च में 9,40,143, अप्रैल में 9,81,228, मई में 4,13,365, जून में 9,26,263, जुलाई में 6,77,652, अगस्त में 5,33,756, सितंबर में 1,85,165, अक्टूबर में 3,84,952 और नवंबर में 4,23,553 तीर्थयात्रियों ने दर्शन किए।’ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़े तनाव की अवधि में 06 से 13 मई तक 45,430 तीर्थयात्रियों ने गुफा मंदिर में पूजा-अर्चना की। बाद में 26 अगस्त को भारी बारिश के कारण यात्रा रोक दी गई क्योंकि अधकुंवारी में इंद्रप्रस्थ भोजनालय के पास भूस्खलन हुआ, जिसमें 34 लोगों की मौत हो गयी। कुछ समय के लिए रोके जाने के बाद यात्रा 07 अक्टूबर को फिर से शुरू हुई।
जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल एवं श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के अध्यक्ष मनोज सिन्हा ने भूस्खलन के कारणों की जांच के लिए एक उच्च-स्तरीय तीन सदस्यीय समिति का गठन किया था।
