नयी दिल्ली 20 नवम्बर (वार्ता) रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) और फ्रांस के सेना शस्त्र महानिदेशालय (डीजीए) ने रक्षा क्षेत्र में अनुसंधान और विकास के क्षेत्र में सहयोग बढ़ाने के लिए एक समझौते पर हस्ताक्षर किये हैं। रक्षा मंत्रालय ने गुरुवार को यहां एक वक्तव्य जारी कर कहा कि यह समझौता कौशल और ज्ञान बढ़ाने के लिए संयुक्त अनुसंधान और प्रशिक्षण कार्यक्रम , परीक्षण , जानकारी के आदान-प्रदान, कार्यशाला और सेमिनार आदि के आयोजन के लिए एक औपचारिक रूपरेखा तैयार करेगा।
डीआरडीओ के अध्यक्ष डॉ. समीर वी कामत और डीजीए के लेफ्टिनेंट जनरल गेल डियाज डी तुएस्टा ने गुरुवार को इस समझौते पर हस्ताक्षर किए। समझौते के तहत दोनों देशों को उपकरणों , जानकारी और प्रौद्योगिकी के हस्तांतरण की सुविधा मिलेगी।
यह समझौता एरोनॉटिकल प्लेटफॉर्म, मानवरहित यान, रक्षा अनुप्रयोगों के लिए एडवांस्ड मटीरियल, साइबर सुरक्षा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, अंतरिक्ष आदि क्षेत्रों के लिए विशेष रूप से फायदेमंद रहेगा। दोनों देशों के बीच इस रणनीतिक भागीदारी का मकसद भविष्य की चुनौतियों के लिए नए समाधान बनाने के लिए दोनों देशों की मिली-जुली विशेषज्ञता और संसाधानों का फ़ायदा उठाना है।
दोनों पक्षों ने विश्वास जताया कि यह सहयोग राष्ट्रीय सुरक्षा और वैश्विक रक्षा प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में प्रगति में अहम योगदान देगा।
