इंदौर: हाईकोर्ट डबल बेंच में मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर याचिका दायर की गई है. हाईकोर्ट ने उक्त मामले में याचिकाकर्ता के तर्को सहमत होकर प्रदेश चुनाव आयोग, कलेक्टर और सभी रजिस्ट्रीकरण अधिकारी को जवाब प्रस्तुत कारण के निर्देश दिए हैं.पूर्व पार्षद दिलीप कौशल ने वरिष्ठ अधिवक्ता विभोर खंडेलवाल और जयेश गुरनानी के माध्यम से हाईकोर्ट की डबल बेंच विनोद कुमार शुक्ला और बिंदु कुमार त्रिवेदी की कोर्ट में मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर याचिका दायर की है.
याचिका में बताया गया है कि प्रदेश की 475 पंचायतों का अगस्त में मतदाता सूची नाम जोड़ने और हटाने को लेकर कार्य हो चुका है. राष्ट्रीय चुनाव आयोग के निर्देश पर 12 राज्यों में मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम चल रहा है. राहुल गांधी आयोग पर निरंतर वोट चोरी का आरोप लगा रहे है. याचिका में मतदाता सूची विशेष गहन पुनरीक्षण 1994 के तहत उपनियमो को त्रुटिपूर्ण बताया गया है.
मतदाता के जोड़ और घटाव को सार्वजनिक नही किया गया है. बीएलओ अपात्रों को बना दिया है. नगर निगम के कार्यलय पर हजारों मतदाताओं को ‘0’ पते पर दर्शाया गया है. वहीं विधानसभा क्षेत्र में भी 1761 मतदान केंदो पर 1200 सौ के अनुपात में वोटर नहीं है. 475 मतदान केंद्रों पर 500 सौ मतदाता भी नहीं है. विधानसभा 5 के ग्रेटर ब्रजेश्वरी मतदान क्रमांक 34 पर 40 से भी कम मतदाता है. बीएलओ भी तय योग्यता के नहीं बनाए गए है. याचिका में उक्त विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम पर रोक लगाने की मांग की गई है.
26 नवंबर को जवाब पेश करने के निर्देश
उपरोक्त मामले में अधिवक्ता विभोर खंडेलवाल और जयेश गुरनानी के तर्को से सहमत होकर हाईकोर्ट डबल बेंच ने प्रदेश निर्वाचन आयोग, कलेक्टर और सभी रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों को 26 नवंबर को सुनवाई में जवाब प्रस्तुत करने का निर्देश दिए है।
