भोपाल: भोपाल नगर निगम (BMC) के नव-निर्मित मुख्यालय को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। ₹40 करोड़ से अधिक की लागत से बने इस भवन में मीटिंग हॉल का अभाव सामने आने के बाद निगम प्रशासन की योजना और कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं। सोमवार को जारी एक प्रेस बयान में प्रवक्ता अभिनव बारोलिया ने इस महत्वपूर्ण सार्वजनिक परियोजना की प्लानिंग और निष्पादन पर गहरी आपत्ति जताई।
बारोलिया ने कहा कि भवन निर्माण पूरा हो चुका है, लेकिन अब अधिकारियों द्वारा मीटिंग हॉल के लिए अतिरिक्त ₹10 करोड़ की मांग की जा रही है, जो शुरुआती डिजाइन का हिस्सा होना चाहिए था। उन्होंने इस स्थिति पर आश्चर्य व्यक्त करते हुए इसे दूरदृष्टि की कमी और जनता के धन के दुरुपयोग का उदाहरण बताया।
उन्होंने आगे आरोप लगाया कि यह मामला निगम में लंबे समय से जारी अव्यवस्था और कुप्रबंधन की ओर इशारा करता है। बारोलिया ने टैक्सदाताओं के पैसे से बनने वाली परियोजनाओं में अधिक पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
