
नई दिल्ली, 14 नवंबर 2025: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के नतीजे लगभग सामने आ चुके हैं, जिनमें महागठबंधन (आरजेडी-कांग्रेस-वाम) को बड़ा झटका लगा है। रुझानों में महागठबंधन 54 सीटों पर सिमटता नजर आ रहा है, जबकि एनडीए (बीजेपी-जेडीयू) 185 सीटों पर मजबूत स्थिति में दिख रहा है। राजद नेता तेजस्वी यादव खुद अपनी सीट पर पीछे चल रहे हैं, जिससे साफ है कि बिहार की जनता ने महागठबंधन को खारिज कर दिया है।
दिग्विजय सिंह ने SIR और EVM पर फोड़ा ठीकरा
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने चुनाव नतीजों के बीच EVM को लेकर फिर से शंका व्यक्त की है। उन्होंने एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि “जो मेरा शक था वही हुआ।” उन्होंने मतदाता सूची गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया पर भी ठीकरा फोड़ा। उनका आरोप है कि 62 लाख वोट कटे और 5 लाख वोट बिना SIR फॉर्म भरे बढ़ा दिए गए, जिनमें अधिकांश वोट गरीबों, दलितों और अल्पसंख्यकों के कटे हैं।
गहलोत ने महिलाओं को पैसे बांटने पर उठाया सवाल
राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी बिहार में एनडीए की संभावित जीत पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान महिलाओं को ₹10,000 बांटना (पेंशन/खाते में पैसे) इस जीत के लिए जिम्मेदार है। गहलोत ने कहा कि चुनाव आचार संहिता की धज्जियां उड़ाई गईं, लेकिन चुनाव आयोग चुप रहा। उन्होंने कांग्रेस को अपने संगठन पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
