सिंगरौली: ऊर्जाचल परिक्षेत्र में कोयला एवं बिजली परियोजनाओं से निकलने वाली राख के परिवहन में मानकों का पालन न होने से प्रदूषण बढ़ने की शिकायतें सामने आ रही हैं। स्थानीय निवासियों का कहना है कि प्रदूषण के चलते लोग बीमार पड़ रहे हैं और सड़कों की स्थिति भी खराब हो गई है, जिससे आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं।
ऊर्जाचल विस्थापित कल्याण समिति के अध्यक्ष हेमंत मिश्रा ने साप्ताहिक बैठक में कहा कि यदि मानक के अनुरूप प्रदूषण नियंत्रण नहीं किया गया और स्थानीय समस्याओं का समाधान नहीं हुआ, तो संगठन धरना-प्रदर्शन व चक्का जाम की कार्रवाई करेगा। उन्होंने बताया कि प्रशासन और परियोजना प्रबंधन से कई बार पत्राचार किया गया है, लेकिन अब तक संतोषजनक कार्रवाई नहीं हुई है।
महामंत्री नंदलाल भारती ने कहा कि किसी भी आंदोलन से पूर्व शासन-प्रशासन और परियोजनाओं को सूचना दी जाएगी। बैठक में योगेंद्र सिंह पटेल, बृज बिहारी यादव, अधिवक्ता अमरकेश पांडे, जंग बहादुर चौबे, चिंतामणि जायसवाल, शैलेंद्र चौबे, छोटेलाल, विश्राम वर्मा, पंकज शुक्ला और राजधारी कुशवाहा सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
