
नई दिल्ली, 01 नवंबर (डिजिटल डेस्क): शनिवार, 1 नवंबर को छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, हरियाणा, केरल (केरल पिरावी दिवस), कर्नाटक (राज्योत्सव) और आंध्र प्रदेश सहित देश के कई राज्यों ने अपना स्थापना दिवस मनाया। इस अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा सहित कई वरिष्ठ नेताओं ने राज्यों की समृद्ध संस्कृति, प्रगति और विरासत की सराहना करते हुए हार्दिक शुभकामनाएं दीं। इन नेताओं ने राज्यों की उपलब्धियों को रेखांकित किया और उनकी निरंतर प्रगति की कामना की।
स्थापना दिवस के मौके पर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने छत्तीसगढ़ के लिए एक बड़ा संकल्प व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि जनजातीय संस्कृति और कलाओं से संपन्न छत्तीसगढ़ के विकास में बाधा डाल रहे नक्सलवाद को समाप्त करने के लिए केंद्र और राज्य सरकारें पूर्ण रूप से संकल्पित हैं। शाह ने दावा किया कि नक्सलवाद देश में अंतिम साँसें गिन रहा है और 31 मार्च 2026 तक लाल आतंक का समूल नाश कर भाजपा की सरकारें छत्तीसगढ़ में विकास के नए युग की शुरुआत करेंगी। पीएम मोदी ने भी कहा कि नक्सलवाद प्रभावित कई इलाके अब विकास की प्रतिस्पर्धा कर रहे हैं।
नेताओं ने अन्य प्रमुख राज्यों की विशेषताओं पर भी प्रकाश डाला। अमित शाह ने हरियाणा को वीर जवानों और मेहनतकश किसानों का प्रदेश बताया, जो अब सुशासन और जनकल्याण के नए कीर्तिमान स्थापित कर रहा है। पीएम मोदी ने भी हरियाणा को किसानों के अथक परिश्रम और जवानों के अतुलनीय पराक्रम की मिसाल बताया। वहीं, मध्य प्रदेश को सांस्कृतिक विरासत की भूमि और ‘भारत का हृदय स्थल’ कहा गया। अमित शाह ने कामना की कि मध्य प्रदेश प्राकृतिक सुंदरता, सांस्कृतिक धरोहर और समृद्ध इतिहास को समेटे हुए स्वच्छता और संपन्नता की दिशा में निरंतर आगे बढ़ता रहे।
