अशोकनगर: हाल ही में ईसागढ़ मार्ग पर बालाजी स्लीपर बस में लगी आग ने पूरे क्षेत्र में दहशत फैला दी थी। सौभाग्य से इस हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन यात्रियों के सामान सहित भारी माल हानि हुई थी। इसी घटना के संबंध में बुधवार को ईसागढ़ थाने में बस चालक, परिचालक और वाहन स्वामी के विरुद्ध विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई है।
गौरतलब है कि 25 अक्टूबर को डेलकेवर गांव के पास ईसागढ़ रोड पर चल रही बालाजी स्लीपर बस अचानक आग की चपेट में आ गई थी। हादसे के दौरान सभी यात्री कांच तोड़कर और आपातकालीन दरवाजे से सुरक्षित बाहर निकल आए थे। नगर परिषद ईसागढ़, आनंदपुर ट्रस्ट और अशोकनगर की दमकल टीमों ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया।
आग बुझने के बाद बस की तलाशी में यात्रियों के जले हुए सामान के साथ दो छोटे गैस सिलेंडर बरामद हुए, जिनमें से एक फटा हुआ पाया गया। पुलिस ने बिना जले हुए सामान को सुरक्षार्थ जब्त कर लिया। जांच में पाया गया कि बस परिचालक ने ज्वलनशील पदार्थों के रखरखाव में लापरवाही बरती, जिससे यात्रियों की जान जोखिम में पड़ी।
इस आधार पर बस परिचालक मनोज शर्मा के खिलाफ धारा 287, 125 बीएनएस एवं 176/177 एमवी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।
विवेचना के दौरान बालाजी बस के चालक निरंजन सेन निवासी परसोरा (जिला विदिशा) और बस स्वामी राजेंद्र रघुवंशी निवासी शाढोरा को भी आरोपी पाया गया। दोनों को थाने में तलब कर वैधानिक कार्यवाही की गई है।पुलिस अधीक्षक राजीव कुमार मिश्रा ने बताया कि यात्री वाहनों में लापरवाही, ज्वलनशील सामग्री के परिवहन और सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने वालों के विरुद्ध आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
