चंड़ीगढ़ 27 अक्टूबर (वार्ता) राष्ट्रीय टीम में वापसी के प्रयास में लगे युवा भारतीय बल्लेबाज पृथ्वी शॉ ने सोमवार को चंडीगढ़ के खिलाफ रणजी ट्रॉफी मैच में धुआंधार बल्लेबाजी का प्रदर्शन करते हुए टूर्नामेंट का दूसरा सबसे तेज दोहरा शतक जड़ने का कारनामा किया हैं।
पहली पारी में आठ रन बनाकर आउट हुये शॉ ने अपने अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए चंडीगढ़ के गेंदबाजों पर शुरुआत से ही आक्रामक रूख अख्तियार किया और अपनी पहली 55 गेंदों में 13 चौकों की मदद से 80 रन बना लिए थे। इसके बाद उन्होंने और तेजी से बटोरते हुए केवल 72 गेंद में अपना शतक पूरा किया। 17 चौकों की मदद से महाराष्ट्र के लिए उन्होंने अपना पहला शतक जड़ा।
इसके बाद भी शॉ ने आक्रामक बल्लेबाजी करते हुए 141 गेंदों में अपना दोहरा शतक पूरा किया था जो रणजी ट्रॉफी में प्लेट ग्रुप के मैचों को छोड़ दिया जाए तो दूसरा सबसे तेज दोहरा शतक है। इससे पहले रवि शास्त्री ने केवल 123 गेंद में दोहरा शतक लगाया है। 200 से कम गेंदों में प्रथम श्रेणी क्रिकेट में दो दोहरा शतक लगाने वाले शॉ केवल दूसरे भारतीय बल्लेबाज बन गये हैं। वीरेंद्र सहवाग ने सबसे अधिक तीन बार भारत के लिए यह कारनामा किया है। शॉ 156 गेंदों में 29 चौके और पांच छक्कों की मदद से 222 रन बनाये। उन्हें 51वें ओवर में अर्जुन आजाद ने आउट किया।

