
मंडला। जिले की परंपरा को निभाते हुए रविवार को पदमी और ग्राम पंचायत लफरा में यादव समाज द्वारा पारंपरिक मड़ई का आयोजन किया गया। परंपरागत वेशभूषा में पहुंचे लोगों ने चंडी पूजा के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ किया। देर रात तक मेले में खरीददारी और मनोरंजन का सिलसिला चलता रहा। पदमी में हिरदेनगर, औघटखपरी, खड़देवरा सहित आसपास के गांवों से लोग पहुंचे, वहीं लफरा में खारी, घटिया और कटंगा टोला से अहीरों की टोलियां शामिल हुईं। बारिश के बावजूद मड़ई की रौनक बरकरार रही। गोदर बाबा स्थल पर लगने वाली यह मड़ई दो दिन तक चलेगी। व्यवस्था हेतु व्यापारियों से कोई शुल्क नहीं लिया गया।दिवाली के बाद ग्रामीण अंचलों में आरंभ हुई परंपरागत मड़ई मेलों की श्रृंखला में सेमरखापा में भी दो दिवसीय मड़ई का आयोजन हुआ। चंडी पूजा के साथ शुरुआत कर यादव समाज के दलों ने रंग-बिरंगी वेशभूषा में पारंपरिक अहीर नृत्य प्रस्तुत किए। नगर के समीप होने के कारण मेला प्रांगण में भारी भीड़ रही। बिनैका, जंतीपुर, गौंझी, कटंगी सहित आसपास के गांवों से लोग पहुंचे। शाम होते ही नर्तक दलों ने चंडी के चारों ओर नृत्य कर माहौल भक्तिमय बना दिया। महिलाओं ने छतों से नृत्य का आनंद लिया जबकि बच्चों ने झूले और खिलौनों की दुकानों पर खूब मस्ती की। व्यापारियों ने पहले ही दिन अपने स्टॉल सजा लिए थे, जिससे मेला क्षेत्र चहल-पहल से भर उठा।
