
सतना। जिले के मझगवां विकासखण्ड के जैतवारा मरवा निवासी चार माह के मासूम हुसैन रजा की 20 अक्टूबर की सुबह जिला अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। जांच में मृत्यु का कारण गंभीर निमोनिया विथ सेप्सिस पाया गया है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एल.के. तिवारी ने बताया कि हुसैन रजा पिता आमिर का जन्म 3 जुलाई 2025 को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जैतवारा में सामान्य प्रसव से हुआ था। जन्म के समय बच्चे का वजन 3 किलोग्राम था और जीरो डोज टीकाकरण के बाद डिस्चार्ज किया गया था।
जन्म के छह दिन बाद ही बच्चे को गंभीर निमोनिया हो गया, जिसके चलते उसे 18 जुलाई को एसएनसीयू जिला अस्पताल सतना में भर्ती किया गया। इलाज के बाद 27 जुलाई को डिस्चार्ज किया गया तथा 4 और 19 अगस्त को उसके फॉलोअप किए गए। हालांकि, बच्चे को दोबारा निमोनिया और वजन नहीं बढ़ने की समस्या होने पर उसे फिर से पीआईसीयू में भर्ती कराया गया।
जांच में बच्चे को निमोनिया, डायरिया और सांस लेने में तकलीफ पाई गई। 18 अक्टूबर को फिर से गंभीर हालत में भर्ती कर इलाज किया गया, लेकिन 20 अक्टूबर को उसकी मृत्यु हो गई। डॉक्टरों के अनुसार बच्चे को संभवतः जन्मजात हृदय दोष (कन्जेनाइटल हार्ट डिफेक्ट) या मेटाबॉलिक डिसऑर्डर भी हो सकता था, जिसके कारण उसका वजन नहीं बढ़ पा रहा था।
घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग ने जिम्मेदारों पर कार्रवाई की है। सेक्टर स्तर पर मेडिकल ऑफिसर, सुपरवाइजर और एएनएम की एक-एक वेतनवृद्धि रोकी गई है, जबकि ब्लॉक कम्युनिटी मोबिलाइजर, आरबीएसके टीम और कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर को नोटिस जारी कर “नो वर्क, नो सैलरी” की कार्यवाही की जा रही है। संबंधित आशा कार्यकर्ता को कार्य से पृथक कर दिया गया है।
महिला एवं बाल विकास विभाग ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ता शकुन गौतम को लापरवाही का दोषी मानते हुए कारण बताओ नोटिस जारी किया था। एसडीएम मझगवां महिपाल सिंह गुर्जर ने जवाब असंतोषजनक पाए जाने पर उसकी सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी हैं।
