इंदौर: सीमा सुरक्षा बल के सहायक प्रशिक्षण केंद्र (एसटीसी) बिजासन में शुक्रवार को आरक्षक बैच क्रमांक 205 की भव्य दीक्षांत परेड आयोजित हुई। इस दौरान 141 नव आरक्षकों ने राष्ट्र रक्षा और संविधान की अखंडता बनाए रखने की शपथ ली। परेड के मुख्य अतिथि आलोक कुमार सिंह, महानिरीक्षक, एसटीसी एवं सीएसडब्ल्यूटी, बीएसएफ इंदौर रहे।
परेड की शुरुआत नव आरक्षकों द्वारा द्वितीय कमान अधिकारी (प्रशिक्षण) शैलेश कुमार मिश्रा, मुख्य प्रशिक्षक समादेष्टा भालेंदु त्रिवेदी और मुख्य अतिथि आलोक कुमार सिंह को सलामी देने से हुई। परेड कमांडर गोरे केशव के नेतृत्व में नव आरक्षकों ने अनुशासन और पराक्रम का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। शपथ ग्रहण समारोह के बाद जवानों ने डम्बल शो और भांगड़ा नृत्य जैसी रंगारंग प्रस्तुतियों से उपस्थित दर्शकों की खूब वाहवाही लूटी।
44 सप्ताह तक चला कठोर प्रशिक्षण
इन नव आरक्षकों को 44 सप्ताह के कठिन प्रशिक्षण के दौरान हथियार संचालन, ड्रिल, शारीरिक प्रशिक्षण, फील्ड क्राफ्ट, मैप रीडिंग, निशानेबाजी, सीमा निगरानी, आतंकवाद-निरोधक कौशल और युद्ध कला जैसे विषयों में प्रशिक्षित किया गया। प्रशिक्षण के उपरांत अब ये सभी देश की सीमाओं और आंतरिक सुरक्षा की जिम्मेदारी निभाएंगे।
इस बैच में देश के विभिन्न राज्यों से शामिल 141 आरक्षकों में उत्तर प्रदेश के 52, राजस्थान के 26, मध्यप्रदेश के 8, महाराष्ट्र के 7, हरियाणा के 5, पंजाब के 5, पश्चिम बंगाल के 5, हिमाचल के 6, दिल्ली के 10, जम्मू-कश्मीर के 5, आंध्र प्रदेश के 2, बिहार के 2, और अन्य राज्यों से जवान शामिल हैं।
उत्कृष्ट प्रदर्शन पर सम्मानित हुए जवान
प्रशिक्षण के दौरान श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले नव आरक्षकों को मुख्य अतिथि ने पदक और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया।
ओवरऑल प्रथम: नव आरक्षक कपिल चौहान
ओवरऑल द्वितीय: नव आरक्षक शेख जुबैर
शारीरिक दक्षता में श्रेष्ठ: नव आरक्षक सेबेस्टियन मैथ्यू
सर्वश्रेष्ठ निशानेबाज: नव आरक्षक कृष्ण सैनी
ड्रिल में श्रेष्ठ: नव आरक्षक गोरे केशव
मुख्य अतिथि ने बढ़ाया हौसला
मुख्य अतिथि आलोक कुमार सिंह ने नव आरक्षकों की शानदार परेड और अनुशासित प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि ये जवान अब राष्ट्र की सीमाओं की रक्षा में अहम भूमिका निभाएंगे। उन्होंने प्रशिक्षण देने वाले अधिकारियों और नव आरक्षकों के अभिभावकों को भी विशेष बधाई दी।
इस अवसर पर एसटीसी के वरिष्ठ अधिकारी, प्रशिक्षक, जवानों के परिजन और बड़ी संख्या में अतिथि उपस्थित रहे। समारोह के अंत में नव आरक्षकों ने सलामी देते हुए मातृभूमि की सेवा का संकल्प दोहराया।
