नयी दिल्ली 23 अक्टूबर (वार्ता) भारत और भूटान ने सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा और समृद्धि के लिए मिलकर काम करने का संकल्प दोहराया है। दोनों देशों के बीच सीमा प्रबंधन और सुरक्षा पर भूटान की राजधानी थिम्पू में हुई 14वीं भारत-भूटान बैठक में यह सहमति बनी।
पिछले सप्ताह हुई इस बैठक में भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व गृह मंत्रालय के सीमा प्रबंधन विभाग के सचिव डॉ. राजेंद्र कुमार ने किया जबकि भूटान का नेतृत्व गृह मंत्रालय के सचिव सोनम वांग्येल ने किया।
बैठक में दोनों पक्षों ने द्विपक्षीय सुरक्षा सहयोग और सीमा प्रबंधन से संबंधित मुद्दों जैसे मोबाइल सिग्नल स्पिलओवर, एकीकृत चेकपोस्टों के लिए भविष्य की रूपरेखा, सीमाओं पर लगे खंभों का रखरखाव और सीमा पार आवागमन की समीक्षा की। उन्होंने भूटान पुलिस के क्षमता निर्माण पर भी बातचीत की। दोनों प्रतिनिधिमंडलों ने सौहार्दपूर्ण और रचनात्मक चर्चाओं पर संतोष व्यक्त किया और एक सुरक्षित, संरक्षित तथा समृद्ध सीमा क्षेत्र सुनिश्चित करने के लिए मिलकर काम करने का अपना संकल्प दोहराया।
दोनों देशों ने मज़बूत मैत्री की पुष्टि करते हुए पारंपरिक और उभरते क्षेत्रों में सहयोग को और गहरा करने की प्रतिबद्धता जताई। साझा भूगोल, संस्कृति और लोगों के आपसी संबंधों पर आधारित उनकी स्थायी साझेदारी, क्षेत्रीय सहयोग के लिए आदर्श बनी हुई है। दोनों देशों के बीच इस तरह की पिछली बैठक वर्ष 2019 में हुई थी।
भारतीय प्रतिनिधिमंडल में सशस्त्र सीमा बल, भारतीय भूमि पत्तन प्राधिकरण, दूरसंचार विभाग, नारकोटिक्स नियंत्रण ब्यूरो, भारतीय सर्वेक्षण विभाग, सीमा शुल्क विभाग के अधिकारी तथा असम, पश्चिम बंगाल, सिक्किम और अरुणाचल प्रदेश के प्रतिनिधि शामिल थे।
