
बनखेड़ी। बनखेड़ी में इन दिनों ढाबों पर खुलेआम शराब पिलाई जा रही है जिस कारण आए दिन नए नए विवाद सामने आ रहे हैं। विगत दिनों बिजली कंपनी के जेई द्वारा एक ढाबे पर चाकूबाजी का मामला अभी ठंडा ही हुआ था उसके बाद उमरधा रोड टगरा पर स्थित ढाबा पर बुधवार रात दो पक्षों के बीच हिंसक झड़प हो गई। जिसमें कुल 14 लोग घायल हुए हैं। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर मारपीट, जानलेवा हमला करने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाते हुए बनखेड़ी थाने में काउंटर एफआईआर दर्ज कराई है। पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रदीप पटेल निवासी टगरा की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी अतुल पटेल टगरा के खिलाफ अपराध भारतीय न्याय संहिता की धारा 110, 351(3) के तहत मामला दर्ज किया है। प्रदीप पटेल के अनुसार, बुधवार रात करीब 9 बजे वह अपने चाचा के लड़के हल्के पटेल और अन्य लोगों को पुराने लेन-देन के विवाद के बाद अतुल पटेल के ढाबे से समझा-बुझाकर वापस टगरा ले जा रहे थे। जब वे ढाबे से करीब 100 मीटर की दूरी पर पहुंचे, तभी पीछे से आरोपी अतुल पटेल अपनी सफेद रंग की स्विफ्ट कार लेकर आया तथा जान से मारने की नियत से तेजी से गाड़ी चलाकर अभिषेक पटेल और शोभाराम पटेल के ऊपर चढ़ा दी, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं। इसके बाद अतुल पटेल ने गाड़ी को रिवर्स कर फिर से वकील पटेल और दिलीप पटेल के ऊपर चढ़ा दी। इस हमले में चारों लोगों को सिर, चेहरे, पैर की पिंडलियों और पंजों में चोट लगी और खून बहने लगा। इसके बाद अतुल पटेल ने गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और भाग गया। घायलों को इलाज के लिए सरकारी अस्पताल बनखेड़ी ले जाया गया, जहाँ प्राथमिक उपचार के बाद चारों को जिला अस्पताल रैफर कर दिया गया।
वहीं दूसरे पक्ष ने ढाबे में घुसकर मारपीट करने का लगाया आरोप
दूसरे पक्ष के फरियादी अतुल पटेल निवासी टगरा की शिकायत पर पुलिस ने 10 लोगों – हल्के पटेल, दिलीप पटेल, शोभाराम पटेल, प्रदीप पटेल, रामविलास पटेल, अभिषेक पटेल, संतोष पटेल, कल्लू पटेल, वकील पटेल और सुरेन्द्र पटेल – के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 115(2),296, 3(5) के तहत मामला दर्ज किया है।
अतुल पटेल के अनुसार, बुधवार शाम पुराने उधारी के पैसों को लेकर हल्के पटेल से उनका विवाद हुआ था। उसके बाद लगभग 8:45 बजे अतुल पटेल अपने पिता सूरज पटेल, भाई भूपेन्द्र पटेल और कर्मचारियों के साथ ढाबे पर मौजूद था, तभी हल्के पटेल अपने साथी दिलीप पटेल और शोभाराम पटेल के साथ ढाबे पर आया और गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। बीच-बचाव करने आए अतुल के पिता सूरज पटेल को प्रदीप पटेल और रामविलास पटेल ने लाठी और थप्पड़ से मारा, जिससे उनके सिर और हाथ पर चोटें आईं। कुछ देर बाद, अभिषेक पटेल, संतोष पटेल और कल्लू पटेल भी आ गए और उन्होंने अतुल के भाई भूपेन्द्र पटेल को मारपीट कर घायल कर दिया, जिससे उन्हें दोनों आँखों के ऊपर और सिर में चोटें आईं। वकील पटेल और सुरेन्द्र पटेल भी लाठी लेकर आए। सभी आरोपियों ने ढाबा बंद करने की धमकी दी और कहा कि ‘कल से अगर ढाबा खोला तो तुम तीनों को जान से खत्म कर देंगे।’ घायल पिता और भाई को इलाज के लिए सरकारी अस्पताल भेजा गया है।
