
ग्वालियर। यहां शुक्रवार को शहर के विकास कार्यों की समीक्षा बैठक में कांग्रेस विधायक डॉ. सतीश सिकरवार नाराज हो गए। खुद केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने उन्हें मनाया।
दरअसल, कलेक्ट्रेट सभागार में हो रही बैठक में शामिल होने आए कांग्रेस विधायक डॉ. सतीश सिकरवार को वीआईपी गेट पर तहसीलदार ने रोका लिया जिससे वह नाराज हो गए। कांग्रेस विधायक अपने घर के लिए लौटने लगे। तभी बैठक ले रहे केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की नजर उन पर पड़ी जिसके बाद वे खुद कांग्रेस विधायक के पास गए और उन्हें बैठक में लेकर पहुंचे।
कांग्रेस विधायक सिकरवार जब कलेक्ट्रेट पहुंचे तो तहसीलदार कुलदीप दुबे ने उन्हें वीआईपी गेट पर रोक लिया। तहसीलदार ने उन्हें मुख्य गेट से नहीं बल्कि दूसरे गेट से अंदर जाने को कहा। तहसीलदार के इस व्यवहार पर विधायक सिकरवार नाराज हुए और गाड़ी में बैठकर वापस जाने लगे। इसी दौरान रास्ते में उनकी मुलाकात केंद्रीय मंत्री सिंधिया से हो गई। सिंधिया ने मामले को समझते हुए कांग्रेस विधायक से बात की और उन्हें मनाकर खुद अपने साथ लेकर बैठक में पहुंचे।
इस मामले में कांग्रेस विधायक डॉ. सतीश सिंह सिकरवार का कहना है कि भाजपा के शासन में भाजपा के विधायक व कांग्रेस विधायक के लिए अलग-अलग गेट बनाए गए हैं। यह सही नहीं है। ऐसी व्यवस्था न मैं मानता हूं, न ही चलने दूंगा।
*ग्वालियर सांसद भारत सिंह कुशवाह नहीं आए*
सिंधिया की बुलाई समीक्षा बैठक में विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर का खेमा पूरी तरह नदारद रहा। बैठक में सांसद भारत सिंह कुशवाह ही गायब रहे। इधर, सिंधिया ग्वालियर में बैठक ले रहे थे, जबकि ग्वालियर सांसद भारत सिंह कुशवाह ने शिवपुरी के पोहरी के चूना खो में कार्यकर्ताओं की बैठक बुलाई थी।
*बैठक में 11 प्रमुख विकास योजनाओं पर चर्चा*
बैठक में सिंधिया ने 11 प्रमुख विकास योजनाओं पर चर्चा की। जिनमें एलिवेटेड रोड, रेलवे स्टेशन का नवीनीकरण, आगरा एक्सप्रेस-वे, वेस्टर्न बाइपास और चंबल नदी से पानी की आपूर्ति जैसे प्रोजेक्ट शामिल हैं। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि सभी कार्य निर्धारित समय सीमा में पूरे हों। बैठक में प्रभारी मंत्री तुलसी सिलावट, कैबिनेट मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर, मंत्री नारायण सिंह कुशवाहा, पूर्व सांसद विवेक शेजवलकर और कुछ कांग्रेस पार्षद भी मौजूद रहे।
*जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरना हम सबकी जिम्मेदारी…*
समीक्षा बैठक के बाद केन्द्रीय मंत्री सिंधिया ने कहा कि यह बैठक बहुत सार्थक रही है। इसमें शहर में चल रहे सभी विकास कार्यों पर बातचीत हुई है। सडक़ों पर हमारी खुलकर बातचीत हुई है। 234 सडक़ें ऐसी हैं जिन पर काम होना है। इसके अलावा एलिवेटेड रोड, रेलवे स्टेशन और चंबल से पानी लाने के प्रोजेक्ट पर भी सार्थक बातचीत हुई है।
केंद्रीय मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि यह परियोजनाएं ग्वालियर के ट्रैफिक प्रबंधन और शहर की सुंदरता दोनों के लिए महत्वपूर्ण हैं, इसलिए इनके काम में किसी भी प्रकार की देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। केन्द्रीय मंत्री ने बताया कि परियोजना का 50 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। सिंधिया ने कहा कि ग्वालियर की जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरना हम सबकी जिम्मेदारी है। केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि अत्यधिक वाहन भार वाले रास्तों पर स्थानीय व्यापारियों के साथ मिलकर प्लान तैयार किया जाएगा जिससे सडक़ों पर भार कम हो सके।
