
उज्जैन। मृत गाय की बीमा क्लेम राशि के एवज में पीएम रिपोर्ट देने के नाम पर रिश्वत मांग रहे पशु चिकित्सक को लोकायुक्त टीम ने रंगेहाथ पकड़ा है।रिश्वतखोर चिकित्सक ने 10 हजार रुपए रिश्वत मांगी थी और 9 हजार लेने के लिए राजी हुआ था।
बडऩगर तहसील के ग्राम दंगवाड़ा में रहने वाले अर्जुन गुर्जर ने 4 सितंबर को लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक आनंद यादव को शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके भांजे की गाय मर गई थी। जिसका बीमा क्लेम लेने के लिए पीएम रिपोर्ट की आवश्यकता थी। गाय का पोस्टमार्टम पशु चिकित्सालय इंगोरिया में कराया गया था। जिसकी पीएम रिपोर्ट मांगने पर डॉ. मोहनसिंह पवैया पशु चिकित्सक द्वारा 10 हजार रुपए रुपए की रिश्वत मांगी गई है। बात करने पर वह 9 हजार रुपए अब भी मांग रहा है। लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक ने रिश्वत मांगने की पुष्टि करने की जांच डीएसपी दिनेशचंद्र पटेल को सौंपी जिसमें पशु चिकित्सक द्वारा रिश्वत मांगने की पुष्टि होने पर शिकायतकर्ता अर्जुन गुर्जर को रिश्वत के 9 हजार रुपए देकर इंगोरिया भेजा गया। जहां चिकित्सालय के बरामदे में पशु चिकित्सक ने रिश्वत की राशि प्राप्त कर ली। जैसे ही रिश्वत ली गई लोकायुक्त की टीम पहुंच गई। तभी चिकित्सक ने राशि बैंच पर रख दी। लेकिन उसके हाथों में रिश्वत का रंग लग चुका था। रंगेहाथ पकड़ाने पर लोकायुक्त टीम में शामिल डीएसपी दिनेशचंद्र पटेल, निरीक्षक हीना डाबर, आरक्षक संजीव कुमारिया, आरक्षक संदीप राव कदम, नीरज कुमार और प्रधान आरक्षक हितेश ललावत के साथ अंजलि पुरानिया ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की कार्रवाई शुरू करते हुए पशु चिकित्सक पवैया के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया। फिलहाल उसे जमानत पर छोड़ा गया है। डीएसपी पटेल के अनुसार चिकित्सक के रंगेहाथ रिश्वत लेते पकड़ाने पर उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए पत्र लिखा जाएगा।
