इंदौर: नवागत कलेक्टर शिवम वर्मा ने पदभार ग्रहण करने के पहले ही दिन मानवीय संवेदना का परिचय देते हुए एक अनूठा उदाहरण प्रस्तुत किया. उन्होंने कार्यालय पहुँचते ही सीढ़ियों पर बैठी एक बुजुर्ग महिला को देखा और तुरंत उसके पास जाकर हालचाल पूछा. उन्होंने महिला का हाथ थामा, सहारा दिया और जनसुनवाई कक्ष तक लेकर गए. वहां उन्हें पानी पिलाया और इत्मिनान से उसकी समस्या सुनी.
उक्त वृद्ध महिला तुलसी देवी नारी निकेतन में रह रही हैं और उनकी पुत्री पिंकी पेट की गंभीर बीमारी से जूझ रही है. तुलसी देवी ने बताया कि उनका राशन भी बंद हो गया है. श्री वर्मा ने तुरंत एमटीएच अस्पताल को पिंकी का इलाज और ऑपरेशन कराने की व्यवस्था करने के निर्देश दिए. भावुक होकर बुजुर्ग महिला ने कलेक्टर को आशीर्वाद और दुआएँ दीं.
उन्होंने अपने सम्मान से अभिभूत होकर कहा कि कभी सोचा भी नहीं था कि कलेक्टर कार्यालय में इतना सम्मान मिलेगा. ईश्वर कलेक्टर को इतनी शक्ति और सामर्थ्य प्रदान करें, जिससे की वे हर जरूरतमंद की समस्या हल कर सकें. कलेक्टर ने खाद्य विभाग के अधिकारियों को राशन संबंधी समस्या भी निराकृत करने के निर्देश दिए.
आमजन के लिए हमेशा खुला रहेगा कार्यालय
कलेक्टर श्री वर्मा ने इसके बाद पहली जनसुनवाई की शुरुआत की. उन्होंने प्रत्येक नागरिक की समस्या धैर्यपूर्वक सुनी और मौके पर ही कई शिकायतों का निराकरण किया. जो मामले तुरंत हल नहीं हो सके उनके लिए समय सीमा तय की गई. उन्होंने कहा कि कलेक्टर कार्यालय आमजन के लिए हमेशा खुला रहेगा. प्रत्येक समस्या का गंभीरता से निराकरण किया जाएगा और हर सप्ताह समीक्षा भी होगी.
