
इटारसी। दो दिन पहले इसी क्षेत्र में पॉवरग्रिड के आसपास तेंदुआ देखा गया था, और अब यह आर्डनेंस फैक्ट्री चेकपोस्ट के पास भी नजर आया है। सीसीटीवी कैमरे में तेंदुए की चहलकदमी भी कैद हुई है, जिससे स्थानीय लोगों का डर और बढ़ गया है।
ग्रामीणों का कहना है कि शाम होते ही लोग अपने घरों में दुबक जाते हैं। खासकर बच्चे और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। ग्रामीणों को डर है कि कहीं यह तेंदुआ उनके पालतू पशुओं पर हमला न कर दे। ग्रामीणों ने अपने बच्चों को अकेले बाहर भेजना बंद कर दिया है। वन विभाग को इस पर तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए। वन विभाग से तेंदुआ को लेकर शिकायत की गई पर वे इसे गंभीरता से नहीं ले रहा है जब कोई घटना घटती है तभी वह तभी उस पर अमल करते हैं
कुछ दिन पहले, केसला के ग्राम पोडार, हिरनचापड़ा, नया मल्लूपुरा और गोंटाखार सहित कई गांवों में भी तेंदुआ देखा गया था। उस समय वन विभाग ने काफी मशक्कत के बाद इसे पकड़कर वापस जंगल में छोड़ा था, लेकिन यह तीसरी बार था जब तेंदुआ उन गांवों के पास आया था। अब एक तेंदुआ कुछ दिनों से पावरग्रिड, पांडरी और आर्डनेंस फैक्ट्री रोड के आसपास घूम रहा है।
यह चिंताजनक है कि ये जंगली जानवर अक्सर सतपुड़ा के जंगलों से निकलकर आबादी क्षेत्रों में आ रहे हैं। जंगली जानवरों की इस तरह की मौजूदगी न सिर्फ पालतू पशुओं के लिए बल्कि मनुष्यों के जीवन के लिए भी खतरा पैदा कर रही है।
ग्राम पंचायत पांडरी के सचिव अनिल वर्मा और ग्रामीणों ने वन विभाग से इस मामले को गंभीरता से लेने की अपील की है। उन्होंने मांग की है कि तेंदुए को जल्द से जल्द रेस्क्यू करके आबादी क्षेत्र से दूर घने जंगल में छोड़ा जाए ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके।
