
भोपाल। राजधानी भोपाल एक ऐतिहासिक सांस्कृतिक आयोजन की साक्षी बनी है। सृजन साधना नामक यह प्रदर्शनी ललित कला आर्ट गैलरी, रविन्द्र भवन (गेट नंबर-2) में आयोजित हो रही है, जिसका उद्घाटन 19 अगस्त को शाम 5 बजे किया जाएगा। कला प्रेमी प्रतिदिन शाम 4:30 बजे से रात 10 बजे तक इस प्रदर्शनी का अवलोकन कर सकेंगे।
इस आयोजन का उद्देश्य उन कला गुरुओं को सम्मान देना है, जिन्होंने चित्रकला और कला शिक्षा को नई ऊँचाइयाँ दीं। प्रदर्शनी में भोपाल के विभिन्न संस्थानों से जुड़े 26 कला शिक्षकों की कलाकृतियाँ प्रदर्शित होंगी। इनमें स्व. सुशील पॉल, स्व. आशा स्प्रे, स्व. शीलचंद जैन, स्व. लक्ष्मण भांड, स्व. रामचंद्र भावसार, विनय सप्रे, डॉ. सुषमा श्रीवास्तव, डॉ. मंजूषा गांगुली, डॉ. लक्ष्मी नारायण भावसार सहित कई नाम शामिल हैं।
सृजन साधना का आयोजन स्कोप ग्लोबल स्किल्स यूनिवर्सिटी, रविन्द्रनाथ टैगोर यूनिवर्सिटी, लिखन्दरा कला समिति, टैगोर कला केंद्र और टैगोर स्कूल ऑफ फाइन आर्ट्स के सहयोग से हो रहा है। संयोजक डॉ. अंकिता जैन और डॉ. अर्जुन कुमार सिंह ने बताया कि यह मंच कला गुरुओं, छात्रों और कला-रसिकों को संवाद का अवसर देगा। डॉ. अंकिता जैन के छह वर्षों के शोध पर आधारित यह प्रदर्शनी भोपाल के सांस्कृतिक इतिहास में मील का पत्थर मानी जा रही है।
