भिंड: चंबल, सिंध और क्वारी नदियों का जलस्तर गिरने से 50 से ज्यादा गांवों को राहत मिली है लेकिन प्रशासन की ओर से राहत और पुनर्वास के काम काफी धीमी गति से हो रहे हैं। कई प्रभावित गांवों में अब तक न तो सफाई अभियान चला और न ही स्वास्थ्य शिविर लगाए गए हैं।भिंड जिले में बीते सप्ताह तक बाढ़ के हालात बने हुए थे, लेकिन अब चंबल, सिंध और क्वारी नदियों का जलस्तर लगातार घट रहा है।
चंबल नदी का जलस्तर खतरे के निशान से 5.2 मीटर नीचे चला गया है, सिंध नदी 2.1 मीटर और क्वारी नदी 1.07 मीटर नीचे बह रही है। हालांकि क्वारी अभी भी सतर्कता की स्थिति में बनी हुई है, इसलिए आसपास के गांवों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। पहूज, बैसली, झिलमिल और सोनभद्रका जैसी सहायक नदियां भी अब सामान्य स्थिति में लौट आई हैं।
गांवों में आवागमन बहाल हो चुका है, लेकिन प्रशासन की ओर से राहत और पुनर्वास के काम काफी धीमी गति से हो रहे हैं। कई प्रभावित गांवों में अब तक न तो सफाई अभियान चला और न ही स्वास्थ्य शिविर लगाए गए हैं। जिले में बाढ़ से 50 से ज्यादा गांव प्रभावित हुए थे। चंबल नदी के आसपास नवली, वृंदावन, मुकुटपुरा और नखरौली जैसे गांव बुरी तरह चपेट में आए। क्वारी नदी से करीब 17–18 गांव, सिंध नदी से इंदुर्खी श्यामपुर, खैरा, गिरवास जैसे 15 गांव और पहूज-बैसली के किनारे बसे कई अन्य गांव प्रभावित हुए हैं।
