सीहोर. अपनी ही बेटी के साथ दुष्कृत्य करने वाले कामांध पिता को न्यायालय द्वारा 7 वर्ष का सश्रम कारावास एवं अर्थदण्ड से दण्डित किया गया. शासन की ओर से प्रकरण में पैरवी श्रीमति रेखा यादव, विशेष लोक अभियोजक द्वारा की गई.
अभियोजन प्रकरण संक्षेप में इस प्रकार है कि पीडि़ता अपनी मां के साथ 05 दिसंबर 2023 को महिला थाना में उपस्थित होकर प्रथम सूचना रिपोर्ट लेखबद्ध कराई कि मैं कक्षा दसवीं में पढ़ती हूॅ तथा अपने गांव में निवास करती हूं. गत 4 दिसंबर 23 को शाम मेरी मम्मी बाहर कपड़े उठाने के लिए गई थी, मैं मेरे कमरे में पढ़ रही थी, तभी मेरे पापा कमरे में आये और मेरा दाहिना हाथ पकड़कर बोले उठ, वह नहीं उठी तो उसे जबरदस्ती उठाकर गंदी गालियां देकर उसे अपने पलंग पर लिटा लिया, और उसके साथ गलत हरकत करने का प्रयास किया तो पीडि़ता की चिल्लाने की आवाज सुनकर उसकी मम्मी दौड़कर आई, और आरोपी पति को धक्का मारकर पीडि़ता से अलग कर दिया. आरोपी पिता ने धमकी दी कि अगर पीडि़ता को उसके पास नहीं सुलाया तो घर से बाहर निकाल देगा. रात होने से कोई साधन ना मिलने से एवं डर के कारण रात को रिपोर्ट नही की. पीडि़ता ने बताया कि उसके पिता ने दो साल पहले भी उसके साथ गलत हरकत की थी. आरोपी पिता को गिरफ्तार किया गया. पुलिस अनुसंधान पश्चात अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया. अभियोजन के तर्को से सहमत होते हुए आरोपी को धारा 9(एन) /10) पॉक्सो एक्ट में 07 वर्ष का एवं धारा 354 भादवि में 5 वर्ष का सश्रम कारावास अर्थदण्ड से दण्डित किया गया.
