सारनी: विद्युत मंडल प्रबंधन द्वारा करीब एक करोड़ रुपये की लागत से निर्मित नया बस स्टैंड अब केवल बसों की धुलाई और रात में रुकने का अड्डा बनकर रह गया है। जानकारी के अनुसार, बस स्टैंड से प्रतिदिन आठ से दस बसें होकर गुजरती तो हैं, परंतु यात्रियों का संचालन अब तक यहां से शुरू नहीं हुआ है।
सुबह चार बजे से ही रैन बसेरे से निकलने वाली बसें जय स्तंभ चौक पहुंचकर यात्रियों को लाने-ले जाने का कार्य करती हैं। इससे चौक पर रोजाना जाम की स्थिति बनती है, वहीं कई बार दुर्घटनाएं भी हो चुकी हैं।विद्युत मंडल ने दो नई इकाइयों के निर्माण के दौरान पुराने बस स्टैंड को हटाकर नया बस स्टैंड बनाया था, जिसका संचालन नगर पालिका सारनी को सौंपा गया है।
पालिका ने चौकीदार और सफाई कर्मी तो नियुक्त किए हैं, लेकिन नियमित बस संचालन प्रारंभ नहीं किया गया।यात्री महासंघ के अध्यक्ष डीडी पाटनकर ने इस स्थिति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए नपा अध्यक्ष और सीएमओ को पत्र लिखकर नए बस स्टैंड से यात्री बसों का संचालन शुरू कराने की मांग की है, ताकि शहर में यातायात अव्यवस्था और जाम की समस्या से राहत मिल सके।
