
सीधी/सेमरिया । सड़क नहीं होने से गर्भवती महिला को लेने गई एंबुलेंस दो किलोमीटर पहले ही रूक गई। परिजन गर्भवती महिला को चारपाई में लेकर एंबुलेंस तक पहुंचे । बाद में महिला ने रास्ते में ही नवजात को जन्म दिया। दरअसल सेमरिया थाना अंतर्गत बरिगवां गांव में सड़क नहीं होने के कारण एक आदिवासी गर्भवती महिला को समय पर अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका। जानकारी के मुताबिक और रविवार की सुबह 9 बजे के आसपास एक गर्भवती महिला प्रीति रावत को प्रसव पीड़ा होने पर परिजन खाट पर लादकर अस्पताल ले जाने पर मजबूर हुए। एंबुलेंस तो मुख्य रोड में आ गई थी लेकिन सड़क न होने से घर से 2 किलोमीटर पहले ही एंबुलेंस रूक गई । अस्पताल लाते वक्त बीच रास्ते में ही महिला का प्रसव हो गया।
बाद में महिला और नवजात को सेमरिया अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां दोनों की हालत अब स्थिर बताई जा रही है। ग्रामीणों की परेशानी यह है कि
ग्राम बरिगवां की आबादी लगभग 70 लोगों की है, लेकिन आजादी के इतने सालों बाद भी यह गांव पक्की सड़क से वंचित है।
इनका कहना है-
सूचना पर एंबुलेंस समय पर गर्भवती महिला को लेने के लिए पहुंची थी लेकिन सड़क नहीं होने के कारण गांव तक नहीं जा सकी।
डॉ. बबीता खरे, सीएमएचओ सीधी
