सौसर: महाराष्ट्र की सीमा से लगे ग्राम सावंगा के लोहानी में बाघ की दस्तक से किसानों व ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। दो दिन पूर्व इस क्षेत्र में बाघ ने खेत के कोठे में बंधे बैल पर हमला किया था जिसकी आज मौत हो गई। पशुपालक किसान का नाम विलास कड़क है उसके सुबह खेत जाने पर बैल लहूलुहान हालात में पाया गया था। किसान की सूचना पर मौके पर पहुंचे कन्हान वनपरीक्षेत्र के अमले ने मृत बैल का पंचनामा पीएम करने के बाद घटना स्थल की गई जांच में बाघ के पगमार्क होने की पुष्टि की है।
रेंज ऑफीसर दीपक तिरपुड़े ने नवभारत से चर्चा में में बताया कि बाघ की दस्तक के बाद ग्रामीणों को सतर्क रहने की अपील के साथ बिट के कर्मचारियों को बाघ के मूवमेंट पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि बाघ को परिसर से भगाने के लिए फटाखों और अन्य साधनों का उपयोग करने के लिए स्टॉफ को कहा गया है।
इसके अलावा पीड़ित किसान को मुआवजा देने के लिए प्रकरण तैयार कर स्वीकृति के लिए वरिष्ठ अधिकारियों को भेज दिया गया है। बहरहाल लंबे समय के बाद इस क्षेत्र में वन्यप्राणी के मूवमेंट से किसानों सहित ग्रामीणों में दहशत देखी जा रही है। उल्लेखनीय है कि यह क्षेत्र महाराष्ट्र की सीमा से लगा होने के साथ पेंच टाइगर रिजर्व की सीमा को भी जोड़ता है।
