₹3,395 करोड़ का ऑफर फॉर सेल (OFS) आज खुला; ₹540-₹570 के प्राइस बैंड पर उपलब्ध, ग्रे मार्केट में ₹97-₹100 का प्रीमियम; क्या है निवेश का सुनहरा मौका?
नई दिल्ली, 14 जुलाई, 2025 (नवभारत): भारतीय शेयर बाजार में एक और बायोफार्मास्युटिकल दिग्गज, एंथम बायोसाइंसेज (Anthem Biosciences), आज यानी 14 जुलाई 2025 को अपने प्रारंभिक सार्वजनिक प्रस्ताव (IPO) के साथ दस्तक दे चुकी है। कंपनी का लक्ष्य ₹3,395 करोड़ जुटाना है, और यह IPO 16 जुलाई 2025 को बंद होगा। निवेशकों के मन में सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या इस IPO में आवेदन करना चाहिए या नहीं। आइए, सब्सक्रिप्शन से पहले इसके प्राइस बैंड, ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) और अन्य महत्वपूर्ण पहलुओं पर एक नज़र डालते हैं।
एंथम बायोसाइंसेज एक प्रमुख कॉन्ट्रैक्ट रिसर्च, डेवलपमेंट और मैन्युफैक्चरिंग ऑर्गनाइजेशन (CRDMO) है, जो ड्रग डिस्कवरी से लेकर कमर्शियल मैन्युफैक्चरिंग तक की सेवाएं प्रदान करती है। कंपनी फर्मेंटेशन-आधारित एपीआई (APIs) के निर्माण में भी विशेषज्ञता रखती है। यह IPO पूरी तरह से ऑफर फॉर सेल (OFS) है, जिसका अर्थ है कि इससे प्राप्त होने वाली पूरी राशि कंपनी के पास न जाकर, मौजूदा शेयरधारकों (प्रमोटरों और अन्य निवेशकों) को मिलेगी जो अपने शेयर बेच रहे हैं। IPO का प्राइस बैंड ₹540 से ₹570 प्रति शेयर तय किया गया है, और एक लॉट में 26 शेयर होंगे, जिसका न्यूनतम निवेश लगभग ₹14,040 होगा। BSE और NSE पर इसकी संभावित लिस्टिंग 21 जुलाई 2025 को है।
ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) दे रहा मजबूत संकेत: क्या लिस्टिंग पर मिलेगा बड़ा मुनाफा?
आज, 14 जुलाई 2025 को, एंथम बायोसाइंसेज IPO का ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) ₹97 से ₹100 प्रति शेयर के बीच चल रहा है।
यह GMP, IPO के अपर प्राइस बैंड (₹570) पर लगभग 17.5% का संभावित लिस्टिंग प्रीमियम दर्शाता है, जिससे अनुमानित लिस्टिंग प्राइस ₹670 प्रति शेयर के आसपास हो सकती है। वित्तीय मोर्चे पर, कंपनी ने वित्त वर्ष 2025 में ₹1,844.6 करोड़ का प्रभावशाली राजस्व और ₹451.3 करोड़ का शुद्ध लाभ दर्ज किया है, जो इसकी मजबूत वित्तीय स्थिति को दर्शाता है।
निवेशकों के लिए विचार:
- सकारात्मक GMP: वर्तमान GMP उन निवेशकों के लिए आकर्षक हो सकता है जो लिस्टिंग गेन की तलाश में हैं।
- मजबूत व्यवसाय मॉडल: CRDMO क्षेत्र में कंपनी की विशेषज्ञता और इनोवेशन-फोकस्ड दृष्टिकोण इसे दीर्घकालिक विकास की संभावना प्रदान करता है।
- OFS प्रकृति: चूंकि यह एक OFS इश्यू है, कंपनी के पास सीधे कोई नई पूंजी नहीं आएगी, जिसका मतलब है कि निवेश करने से पहले कंपनी की मौजूदा वित्तीय स्थिति और भविष्य की विस्तार योजनाओं का गहन विश्लेषण महत्वपूर्ण है।
निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी निर्णय पर पहुँचने से पहले कंपनी के रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (RHP) का सावधानीपूर्वक अध्ययन करें और एक योग्य वित्तीय सलाहकार से परामर्श करें। शेयर बाजार में निवेश जोखिमों के अधीन होता है।

