जबलपुर: चुनावों में अक्सर देखा गया है कि नेता, विधायक बड़े-बड़े वादे करते हैं और फिर जनता के साथ छल करके चुनाव जीत लेते हैं लेकिन बाद में ये वादे धरे की धरे रह जाते हैं और जनता के पास सिर्फ प्रदर्शन करने के अलावा कुछ नहीं बचा होता है। लेकिन इसी बीच सरकार बनने के बाद नेताओं के कितनों वादों पर अमल हुआ इसका भी हिसाब जनता रखती है । जिसका प्रत्यक्ष उदाहरण शुक्रवार को उस वक्त सामने आया जब सिहोरा से करीब 35 किलोमीटर की पदयात्रा करके जबलपुर पहुंचे सिहोरा के रहवासियों ने रानीताल स्थित भाजपा के संभागीय कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया ।
इस दौरान सिहोरा के रहवासियों ने हाथों में घंटे, मंजीरा व शंख बजाकर कहा कि सत्ता में भाजपा बैठी हुई है, भाजपा के ही पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी और सिहोरा विधानसभा से विधायक संतोष बरकड़े ने सिहोरा को जिला बनाने कई वादे किए थे जो अभी भी अधूरे पड़े हैं। इसलिए शुक्रवार को उनके द्वारा भाजपा के संभागीय कार्यालय के बाहर शिवराज सिंह कौन है, स्मृति ईरानी कौन है, संतोष बरकड़े कौन हैं के पोस्टर लगाए गए और जिम्मेदारों को याद दिलाया गया कि उन्होनें जनता से चुनाव के वक्त क्या वादे किए थे।
साथ ही ग्रामीणों ने कहा कि हमारे इस प्रदर्शन से शायद सरकार जाग जाए और सिहोरा को जिला जल्द से जल्द बना दे। आक्रोशित ग्रामीणों का आरोप है कि विधानसभा और लोकसभा चुनाव के दौरान भाजपा के नेताओं ने सिहोरा को जिला बनाने के बड़े-बड़े वादे किए थे लेकिन जैसे ही चुनाव जीत गए तो अपने वादों को भूल गए। करीब दो घंटे तक चले प्रदर्शन के बाद मौके पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों ने सिहोरा के रहवासियों को आश्वासन दिया कि उनकी मांग और बातों को राजधानी तक पहुंचाया जाएगा। तब कहीं ताकर प्रदर्शन शांत हुआ।
दिग्विजय, उमा , बाबूलाल गौर, शिवराज सिंह सभी ने तोड़ा वादा
सिहोरा निवासी अनिल जैन ने नवभारत को बताया कि वर्ष 2003 से ग्रामीणों द्वारा सिहोरा को जिला बनाने की मांग की जा रही है। सिहोरा से जबलपुर पहुंचे अनिल जैन ने कहा कि सन 2003 में पूर्व मुख्यमंत्री ने घोषणा की थी, जिसके बाद प्रक्रिया भी शुरू हो गई, लेकिन आज तक जिला के रूप में क्रियान्वयन नहीं हो पाया। पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह के बाद, उमा भारती, बाबूलाल गौर और शिवराज सिंह चौहान ने भी कहा था कि जल्द ही सिहोरा को जिला बनाया जाएगा, पर आज तक कुछ नहीं हुआ।
वहीं विधानसभा चुनाव के समय विधायक संतोष बरकड़े के समर्थन में सिहोरा पहुंची स्मृति ईरानी ने एक विशाल सभा को संबोधित करते हुए वादा किया था कि अगर सिहोरा विधानसभा से हमारा प्रत्याशी जीतकर विधायक बनता है, तो जरूर सिहोरा जिला बनेगा। पर बरकड़े को भी विधायक बने दो साल से अधिक का समय बीत गया है, और उनका वादा भी झूठा साबित हुआ।
