
सीहोर. शुक्रवार को शहर में आवागमन बुरी तरह प्रभावित रहा. हर मार्ग पर बार-बार जाम की स्थिति बन गई. एक निजी भूमि से अतिक्रमण हटाकर कब्जा दिलाने के कारण पुराने हाईवे पर वाहनों का आवागमन रोक दिया गया.
इस वजह से चार पहिया वाहन मछली पुल से कोतवाली चौराहा होते हुए बस स्टैंड वाले रास्ते से निकलने लगे, लेकिन यहां नाली निर्माण के चलते मटेरियल सड़क पर पड़े होने से दिनभर जाम की स्थिति बनी रही. कई बार तो इतना लंबा जाम लग गया कि मजबूरी में वाहन चालकों को वापस लौटना पड़ा. ऐसे में मंडी बायपास होकर भोपाल नाका से बस स्टैंड या तहसील चौराहा से इंदौर नाका होते हुए बायपास से करीब 10 किमी का राउंड लगाकर वाहन चालक बस स्टैंड तक पहुंच सके.
खास बात यह है कि आमजनों के निर्माण के दौरान यदि मटेरियल सड़क पर रखा हो तो नपा उन पर जुर्माना लगा देती है, लेकिन जब नपा खुद नाली बनवा रही है तो ठेकेदार सड़क पर मटेरियल रख देते हैं तो इन पर कोई कार्रवाई नहीं होती. पिछले दिनों इसी तरह पावर हाउस चौराहा से स्टेशन की ओर जाने वाली सड़क पर भी परेशानी हुई थी. नाली निर्माण के चलते मटेरियल सड़क पर होने से कई जगह एक साथ दो चारपहिया वाहन नहीं निकल पाते थे.
शुक्रवार को सुबह 10 बजे से ही मछली पुल से कोतवाली जाने वाले मार्ग पर जाम की स्थिति बन गई थी. ऐसे में दोनों ओर वाहनों की लंबी लाइन लग गई थी। हालांकि कुछ समय के लिए जाम खुला, लेकिन बार-बार जाम की स्थिति बनी रही. शाम करीब 4 बजे तक यहां ऐसी ही स्थिति थी. लोगों को लंबा फेरा लगाकर जाने को मजबूर होना पड़ा. इसके बाद जरूर कुछ राहत मिली.
