जबलपुर। हनुमानताल पुलिस ने नकली नोट छापने वाले गिरोह का भंडाफोड़ कर दिया है। पुलिस ने मामले में पकड़े गए एक आरोपी को रिमांड में लेकर पूछताछ की जिससे लंबी पूछताछ चली। पूछताछ में उसनेे राज भी उगले। विवेचना के दौरान नई जानकारियां भी पुलिस को हाथ लगी। इसके साथ पूरे गिरोह का भंडफ़ोड़ हुआ। इसके बाद पलिस ने मास्टरमाइंड समेत पांच और आरोपियों को धरदबोचा। इसके साथ नौ लाख के नकली नोट और बरामद किए गए। इसके पहले दो लाख 94 हजार के नकली नोट जब्त किए गए थे।
इस गिरोह में कौन कौन शामिल है, कितने नोट छापे गए और किसे किसे दिए गए समेत अन्य बिन्दुओं पर पूछताछ की गई। पूछताछ में आरोपियों ने कुछ नए नाम पुलिस को बताये। सीएसपी सुनील नेमा ने बताया कि मामले की जांच के बाद धीरज मनवानी पिता संतोष मनवानी 20 साल निवासी द्वारका नगर लालमाटी थाना घमापुर, गौरव तिवारी पिता रमाकांत तिवारी 44 वर्ष निवासी प्लॉट नंबर 4 बृजमोहन नगर रामपुर छापर थाना गोरखपुर जिला जबलपुर, सतीष श्रीवास्तव पिता स्व कन्हैयालाल श्रीवास्तव 55 वर्ष निवासी बिंझिया तिराहा थाना कोतवाली जिला मण्डला, अजय कुमार नवेरिया पिता स्वराजकुमार नरिया 42 वर्ष निवासी सत्यम कालोनी मण्डला थाना कोतवाली जिला मण्डला को भी गिरफ्तार किया गया है।
किराए के मकान में तैयार हो रहे थे नकली नोट
हनुमानताल थाना प्रभारी धीरज राज ने बताया कि ऋतुराज विश्वकर्मा के किराये के मकान से घर से नकली नोट तैयार करने में प्रयुक्त प्रिंटर, लैपटॉप, कटर, पेपर कटिंग शीट, व नकली नोट आदि जप्त किये गये है। ऋतुराज से पूछताछ करने पर स्वयं करीब 08-09 महीने से नोट बनाने के लिये मेहनत करना बताया व असली नोट लेकर नकली नोट लोगों को उपलब्ध करना बताया।
