
उज्जैन। वर्षों पहले विकास प्राधिकरण ने जिन लोगों को लीज पर रहने के लिए मकान दिए थे। उन लोगों ने लीज का उल्लंघन कर डाला और व्यावसायिक गतिविधियां भी प्रारंभ कर दी। ऐसे में प्राधिकरण ने समय- समय पर ऐसे मकान मालिकों को नोटिस जारी किए। किसी अज्ञात भय के चलते रहवासी हाई कोर्ट की शरण में पहुंच गए। जहां से याचिका खारिज होने के बाद विकास प्राधिकरण ने अपनी जमीन का कब्जा लेने के लिए मकान पर जेसीबी चलाना प्रारंभ कर दिया। शुक्रवार सुबह बेगम बाग कोट मोहल्ला में उज्जैन विकास प्राधिकरण, नगर निगम और पुलिस टीम ने दो अवैध मकानों को तोड़ा। यह मकान महाकाल मंदिर के पास स्थित थे और लीज उल्लंघन के कारण सितंबर 2024 में अवैध घोषित किए गए थे। पुलिस ने इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी ताकि कोई अप्रिय घटना न हो। स्थानीय मुस्लिम समाज के वरिष्ठजनों के साथ चर्चा के बाद लोगों ने कार्रवाई में सहयोग किया। कुल 28 संपत्तियों की लीज निरस्त है, लेकिन कोर्ट मामलों के कारण बाकी पर कार्रवाई लंबित है। मौके पर सीईओ संदीप सोनी, एसडीएम एलएन गर्ग और अन्य अधिकारी मौजूद थे।
