
टीकमगढ़। मौसम विभाग के बताए अनुसार शनिवार की दोपहर अचानक मौसम ने करवट बदली और दोपहर के समय तकरीबन 3.30 बजे आसमान में अंधेरा छा गया और तेज हवा के साथ धूल भरी आंधी चलने लगी। आंधी तूफान के साथ ही बारिश भी शुरू हो गई। तेज आंधी ने ऐसा कहर बरपाया कि शहर में लगे जगह-जगह के पेड़ जड़ उखड़कर जमीन पर जा गिरे जिससे रास्ते भी जाम हो गए। तेज आंधी के दौरान लोग अपने घरों के दरबाजे बंद कर घर के अंदर ही रहे। आंधी और तूफान इतना भयंकर था कि मोबाईल फोन के लगे टावर भी लहराते नजर आए। हालांकि दोपहर 3.30 बजे से शुरू हुए इस आंधी तूफान के साथ बारिश लगातार जारी रही। र में बारिष के जैसा मौसम भीषण गर्मी में अचानक ऐसे बदला जिसका किसी को अंदाजा भी नहीं था। सुबह से धूप फिर अचानक दोपहर 12 बजे आसमान में बादल छा गए और फिर दोपहर 3 बजे के बाद इसका असर देखने को मिला। आंधी में कई घरों का सामान बाहर आ गया। लोगों ने बताया कि जिनकी किचिन छत पर थी उनके वर्तन भी उड़ गए। इतना ही नहीं चद्दर के टीन शेड भी हवा में उड़ते ही हुए दिखाई दिए। तेज आंधी के कारण पेड़ टूटने से अवागमन भी प्रभावित हुआ। हालांकि मौसम के बदलने के बाद जब बारिश थोड़ी कम हुई तो प्रशासनिक अमला सड़कों पर निकला। एसडीएम लोकेन्द्र सिंह सरल ने पूरे शहर का भ्रमण कर जहां-जहां क्षेत्र आंधी और तूफान से प्रभावित हुआ था वहां नगर पालिका के अमले को बुलवाकर उसे ठीक कराया। पुलिस लाईन के सामने अस्पताल की ओर जाने वाले मार्ग पर एक विशाल पुराना पेड़ सड़क पर जा गिरा यहां एसडीएम पहुंचे और उन्होंने तत्काल जेसीबी मशीन को बुलवाकर पेड़ को वहां से हटवाया और रास्ते को सुचारू रूप से दुबारा शुरू कराया। शहर की बिजली भी खबर लिखे जाने तक गुल रही। बिजली विभाग के अधिकारियों ने कहा है कि कई जगह लाईनें फाल्ट हुई हैं इसलिए बिजली कब तक चालू होगी यह स्पष्ट नहीं है। हालांकि हर क्षेत्र में बिजली विभाग की टीम काम कर रही है लाइनों को चैक कर जल्द बिजली चालू कराई जाएगी।
