नयी दिल्ली 21 अप्रैल (वार्ता) जनता दल यूनाइटेड (जदयू) ने कहा है कि बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव के राज्य में क़ानून व्यवस्था और कथित भ्रष्टाचार के आरोप राजनीति से प्रेरित हैं।
जदयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने सोमवार को यहां कहा कि बिहार में पिछले बीस वर्षों के शासन काल में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य में भ्रष्टाचार को समाप्त किया। आधारभूत संरचना, सड़क निर्माण, सेतु एवं महासेतुओं का जाल बिछाया गया। इसके अलावा घर घर बिजली, पीने का पानी, कमजोर वर्गों का सशक्तीकरण, नौकरी एवं रोजगार, जातीय सर्वेक्षण एवं शराबबंदी जैसे मुद्दों पर ऐतिहासिक फैसले लेकर बिहार को विकास की नई ऊंचाइयों पर पहुँचाने का कार्य किया। उन्हाेंने कहा कि बिहार विकसित राज्य बनने की राह पर अग्रसर है।
श्री प्रसाद ने कहा कि जद यू इतिहास के गड़े मुर्दे नहीं उखाड़ना चाहता है, लेकिन जब श्री यादव अनाप शनाप बोलते रहेंगे तो उन्हें आईना दिखाना पड़ेगा। उन्हाेंने कहा कि श्री यादव को यह भूलना नहीं चाहिए कि उनके माता जी एवं पिताजी के कार्यकाल में क्या-क्या भोगना पड़ा है। लोमहर्षक नरसंहारों, फिरौती के लिए अपहरण, जातीय सेनाओं एवं अतिवादी संगठनों के बीच संघर्ष एवं इलाकाई समानांतर सरकारों एवं बाहुबलियों के कहर से त्रस्त राज्य नीतीश शासन में बदलने लगा है। अब बिहार में अराजकता के स्थान पर सुशासन की सरकार स्थापित हुई। थानों के जीर्णोद्धार,वैज्ञानिक अनुसंधान एवं मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की सीधी निगरानी के बदौलत राज्य में प्रति लाख व्यक्तियों के आधार पर अपराध दर देश के ज्यादातर राज्यों से अत्यधिक कम हुआ है।
उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार का आरोप लगाने वाले श्री यादव “ जमीन दो नौकरी लो” के बहुचर्चित घोटाले में लगातार एजेंसियों के सामने खड़े हो रहे हैं और उनके पिता लालू प्रसाद कुख्यात चारा घोटाला के मामले में सजायफ़्ता होते हुए भी राजद के अध्यक्ष पद पर बने हुए हैं। राजद शासन घोटालों एवं भ्रष्टाचार का पर्याय बन चुका था।

