
रीवा।कलेक्ट्रेट में होने वाली जनसुनवाई अब मजाक बनकर रह गई है. शिकायतो का निराकरण न होने पर बार-बार अफसरो के पास पहुंचना पड़ रहा है.
मंगलवार को एक अजीब मामला सामने आया जब 6 वर्ष पूर्व मृत घोषित किये गये व्यक्ति अपना मृत्यु प्रमाण पत्र लेकर खुद अफसरो के सामने हाजिर हो गया. जन सुनवाई के दौरान जनपद पंचायत गंगेव के धोधकी के रहने वाले वृद्ध काशी प्रसाद वर्मा अपना मृत्यु प्रमाण पत्र लेकर पहुंच गये और बताया कि 1 अगस्त 2018 को उनको मृत घोषित किया गया और 14 अगस्त 18 को मृत्यु प्रमाण पत्र जारी कर दिया गया. इसके बाद 9 फरवरी 2019 को बकायदे अत्येष्टि की नगद पांच हजार की राशि दे दी गई. अफसरो को काशी प्रसाद ने बताया कि वह जीवित है लेकिन कागजो में मृत घोषित कर दिया गया है. यह सुनकर अधिकारियो के होश उड़ गए और सुनवाई को आगे बढ़ाते हुए उन्हे पुलिस थाने में जाने के लिये कहा गया. बताया गया है कि सरपंच-सचिव ने मिलकर एक जीवित व्यक्ति को मृत बताकर अत्येष्टि की राशि भी हड़प ली, ऐसा आरोप काशी प्रसाद ने लगाया है और पूरे मामले में जांच की मांग की है.
